स्वच्छ भारत मिशन में एक और घपला उजागर होने पर डीएम शंभु कुमार ने बीस गांवों की जिम्मेदारी निभाने वाले सचिव, प्रधान और बीसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने को कहा है। जियो टैगिंग में खुलासा हुआ है कि आसपुर देवसरा विकास खंड के रामगंज गांव में शौचालयों के निर्माण के लिए आई धनराशि का बंदरबांट करके फर्जी फोटो अपलोड कर दी गई है।
बुधवार को विकास भवन में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की समीक्षा बैठक में डीएम शंभु कुमार ने शौचालयों के निर्माण की प्रगति की जानकारी ली। विकास खंड आसपुर देवसरा के ग्राम पंचायत रामगंज में 150 शौचालयों की फर्जी फोटो जियो टैगिंग कराने पर फटकार लगाते हुए ग्राम पंचायत अधिकारी संजय पांडेय, प्रधान शांति देवी और बीसी पंकज शुक्ला के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने को कहा। इस गांव के ग्राम पंचायत अधिकारी संजय पांडेय को 20 ग्राम पंचायतों की जिम्मेदारी दी गई है।
विकास खंड मंगरौरा के सरायशंकर में डीपीसी की जांच में निर्माणाधीन शौचालयों की जांच में सिर्फ दीवारें खड़ी होने और अभी तक मात्र तीन शौचालयों के पूर्ण होने पर डीएम ने त्रिस्तरीय समिति हटाने को कहा है। तीन माह से खंड प्रेरकों का मानदेय नहीं मिलने पर डीएम ने दो माह का भुगतान करने को कहा है।
डीएम ने बीडीओ और एडीओ पंचायतों से कहा है कि जो भी शौचालय निर्माण के कार्य में फर्जीवाड़ा कर रहे हैं, उनकी जांच कराकर हमें अवगत कराएं। बैठक में पीडी दयाराम यादव और सभी ब्लाकों के बीडीओ, एडीओ पंचायत मौजूद रहे।