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Pratapgarh News: आधी रात मेडिकल कॉलेज पहुंचे युवकों ने की तोड़फोड़

Sat, 17 Jun 2023 09:28 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
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शनिवार दोपहर सड़क हादसे में घायल युवक को लेकर पहुंचे लोगों को देखकर इमरजेंसी छोड़कर भागे स्वास्
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फोटो-17
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सुरक्षा कर्मियोंं ने पकड़ा, पुलिस को सौंपा
संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापगढ़। मेडिकल कॉलेज से संबद्ध राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में शुक्रवार रात करीब साढ़े 11 बजे बाइकसवार चार युवक पहुंचे और इमरजेंसी के पीछे बने माइनर ओटी के गेट का शीशा तोड़ दिया। आवाज होने पर पहुंचे सुरक्षा कर्मियों ने तीन आरोपियों को दबोच लिया, जबकि एक भागने में कामयाब रहा।
अजीत नगर के पास स्कूटी सवार चार युवक फल विक्रेता मोहम्मद गुलफाम से टकरा गए। इससे गुलफाम और अजीत नगर निवासी राज घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने दोनों घायलों को राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय पहुंचाया। खबर मिलने पर राज की ओर से चार युवक आए और माइनर ओटी गेट का शीशा तोड़ डाला। जानकारी होने पर सुरक्षाकर्मी पहुंचे और तीन आरोपियों को दबोच कर पुलिस के हवाले कर दिया। कोतवाल सत्येंद्र कुमार ने बताया कि तीनों आरोपी नाबालिग थे। अस्पताल प्रशासन की ओर से किसी प्रकार की तहरीर नहीं मिली थी। आरोपियों के परिजनों ने गेट की मरम्मत करवा दी है।
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इनसेट-
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मरीज देख इमरजेंसी से भाग निकले डॉक्टर, हंगामा
अस्पताल चौकी प्रभारी की मदद से शुरू हो सका इलाज
संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापगढ़। मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों की लापरवाही के चलते आए दिन विवाद हो रहा है। शनिवार दोपहर हादसे में घायल युवक को लेकर कुछ लोग पहुंचे तो डॉक्टर से लेकर कर्मचारी इमरजेंसी छोड़कर गायब हो गए। इस पर लोगों ने जमकर हंगामा किया। बाद में अस्पताल के चौकी प्रभारी की मदद से उसका इलाज शुरू हो सका।
नगर कोतवाली सराय नचन निवासी सलमान की कार दुर्घनाग्रस्त हो गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन उसे लेकर राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय के इमरजेंसी पहुंचे। यहां चिकित्सकों की कुर्सी खाली पड़ी थी, जबकि उसकी हालत लगातार बिगड़ रही थी। इससे परेशान परिजनों नें हंगामा शुरू किया। खबर मिलते ही सुरक्षा कर्मियों के साथ अस्पताल चौकी इंचार्ज पहुंचे। उन्होंने डॉक्टरों और कर्मचारियों को बुलाकर घायल सलमान का इलाज कराया। इसके बाद परिजन शांत हुए। चिकित्सकों ने हालत नाजुक बताकर सलमान को प्रयागराज रेफर कर दिया। इमरजेंसी खाली होने से कई मरीजों को परेशान होना पड़ा था। सीएमएस ने कहा कि परिजन ही हंगामा कर रहे थे, लेकिन कोई गंभीर हालत के मरीज को लेकर अस्पताल में हंगामा करने पर क्यों मजबूर हुआ यह सोचने वाली बात है।
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सीएमएस डॉ. सुरेश सिंह ने कहा कि डॉक्टर इमरजेंसी में मौजूद थे। जैसे ही परिवार के सदस्य सलमान को लेकर इमरजेंसी गेट पर पहुंचे हंगामा करने लगे। डर बस डॉक्टर इमरजेंसी कक्ष छोड़कर चले गए।

शनिवार दोपहर सड़क हादसे में घायल युवक को लेकर पहुंचे लोगों को देखकर इमरजेंसी छोड़कर भागे स्वास्

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