अंतू के शुकुलपुर में रविवार की सुबह गाजियाबाद से घर पहुंचे बेटों ने गांव में ही पिता के शव का अंतिम संस्कार किया। पिता की हत्या करने वाले भाई की करतूत से वे दुखी थे।
शुकुलपुर निवासी जगदंबा प्रसाद शुक्ला की शनिवार की रात मझले बेटे विनोद ने लाठी-डंडे से पीटकर हत्या कर दी थी। विनोद जमीन का बैनामा न करने से नाराज था। पुलिस ने विनोद के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया।
चूंकि मृतक के बेटे संतोष व अरुण गाजियाबाद में रहते हैं। पिता की हत्या की खबर सुनकर दोनों भाई रविवार की सुबह घर पहुंचे। रोते-बिलखते परिजनों से घटना की जानकारी ली। कुछ देर बाद गांव में ही स्थित बाग के करीब अंतिम संस्कार कर दिया।
घटना की जानकारी मिलने पर मायके से विनोद की पत्नी निशा अपने बेटे राज व प्रीतम को लेकर घर पहुंची। ससुर के शव से लिपटकर निशा रोती- बिलखती रही। वह अपने जेठ के परिवार के साथ ही रह रही थी। अपने घर में जाने से किनारा कर लिया। हर कोई विनोद को कोसता रहा।