चालान के बाद जमानत के लिए गए अधिवक्ता को एसडीएम ने दलाल कह दिया। इससे नाराज अधिवक्ताओं ने तहसील में जमकर नारेबाजी की। इसके चलते कुछ देर के लिए समाधान दिवस भी बाधित रहा। उधर अधिवक्ता पर दर्ज मुकदमे को भी लेकर अधिवक्ता आक्रोशित रहे और एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।
तहसील में अधिवक्ता अशोक सिंह सोमवार को दिलेरगंज के धर्मेंद्र यादव की जमानत के लिए एसडीएम के आवास पर गए थे। उनका आरोप है कि जमानत के लिए एसडीएम ने आवास पर बुलाया था। आरोप है कि इस दौरान एसडीएम ने अधिवक्ताओं को दलाल कहा। इसको लेकर मंगलवार को अधिवक्ताओं ने तहसील में बवाल कर दिया। जमकर नारेबाजी की गई। इस दौरान समाधान दिवस भी करीब घंटे भर बाधित रहा।
अधिवक्ताओं ने एसडीएम को माफी मांगने की बात कही। काफी देर तक बवाल चलता रहा। इस दौरान दि बार एसोसिएशन के मनोज कुमार सरोज पर हत्या का मुकदमा दर्ज होने को लेकर भी अधिवक्ता आंदोलित रहे। अधिवक्ताओं ने एसडीएम को इसके लिए ज्ञापन सौंपा। उधर एसडीएम ने दो बजे के बाद अधिवक्ताओं से मुलाकात की और इस तरह के शब्दों का प्रयोग न करने की बात कही। इसके साथ ही उन्होंने अधिवक्ताओं से खेद भी जताया। नारेबाजी के दौरान कुंडा पुलिस भी मौके पर मौजूद रही।
कोतवाल ने अधिवक्ताओं को समझाया कि एसडीएम दो बजे के बाद उनसे स्वयं मिलकर मामले का निस्तारण करेंगे। इस दौरान अध्यक्ष तीर्थ राज मिश्र, रमाकांत त्रिपाठी, केके ङ्क्षसह, विजय कुमार त्रिपाठी, बृजेंद्र मणि, भारतलाल, योगेश कुमार, संजय पांडेय, संजय पांडेय, मनोज सिंह, रवी सिंह आदि मौजूद रहे।