जेठवारा के झलिहन खटवारा गांव की घटना, पुलिस के पहुंचने पर नाराज लोगों ने शव रोड पर रखकर लगाया जाम
डेरवा। जेठवारा थाना क्षेत्र के झलिहन खटवारा गांव में खेत में बोई गई आलू की फसल को जानवरों से बचाने के लिए चारों तरफ लगाई गई बाड़ में अवैध तरीके से दौड़ाए गए करंट की चपेट में आने से एक किशोरी की मौत हो गई, जबकि उसकी सहेली गंभीर रूप से झुलस गई। शोर पर पहुंचे ग्रामीणों ने लाठी-डंडे से किसी तरह उसे तार से अलग किया। इसके बाद शव को घर ले जाया गया। सूचना पर पुलिस पहुंची तो ग्रामीणों ने शव को रोड पर रखकर जाम लगा दिया।
जेठवारा थाना क्षेत्र के झलिहन खटवारा गांव निवासी शेषनारायण तिवारी पुत्र नंद किशोर तिवारी ने गांव से कुछ दूरी पर स्थित अपने खेत में आलू बो रखा है। फसल को जानवरों से सुरक्षित करने के लिए उसके चारों तरफ तारों की बाड़ लगाई गई थी। इसमें करंट दौड़ा दिया गया था। उसी के खेत के बगल गांव के मुन्ना पटेल का भी खेत है। रविवार की शाम करीब चार बजे मुन्ना पटेल की पुत्री खुशी पटेल (13) गांव की ही अपनी सहेली शिल्पा पटेल (14) पुत्री लालजी वर्मा के साथ अपने ख्ेात में घास काटने गई थी। वह मेड़ से होकर जा रही थी कि अचानक उसका पैर फिसल गया और वह तार की चपेट में आ गई। इस दौरान उसे संभालने के चक्कर में शिल्पा को भी झटके लगे। हालांकि वह दूर जा गिरी। इधर खुशी तारों पर ही उलझकर रह गई। शिल्पा ने शोर मचाया तो ग्रामीण मौके पर पहुंचे और लाठी-डंडों के सहारे उसे तार से अलग किया। इस दौरान खुशी की मौत हो चुकी थी। परिजन शव घर ले आए तो चीखपुकार मच गई।
उधर, शिल्पा का इलाज गांव के ही एक चिकित्सक से कराया गया। सूचना पर पहुंची पुलिस शव को कब्जे में लेने लगी। इससे नाराज ग्रामीणों ने शव पुलिस के हवाले न करते हुए डेरवा-बाबूगंज रोड पर रखकर जाम लगा दिया। इसके साथ ही रोड पर बांस बल्ली व कांटे रख दिए गए। इस दौरान गांव के भारी संख्या में लोग भी पहुंच गए। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक जिलाधिकारी मौके पर नहीं आएंगे, जाम नहीं खत्म होगा। इस दौरान डेरवा की तरफ से लालगंज जा रही एक एंबुलेंस को भी ग्रामीणों ने लौटा दिया।
रोजी-रोटी के सिलसिले में भिवंडी में है पिता
कुंडा। मृतक किशोरी का पिता मुन्ना पटेल रोजी रोटी के सिलसिले में भिवंडी में है। घर पर उसकी पत्नी अपनी दो बेटियों के साथ रह रही थी। ग्रामीणों ने इसकी सूचना उसे भी दी है। इसकी सूचना मिलते ही वह घर लौटने की तैयारी कर रहा है। मृतका के परिवार की आर्थिक स्थिति भी ठीक नहीं है। मृतका कक्षा सात की छात्रा भी थी। उसकी एक बड़ी बहन किरन (15) है। छात्रा की मौत से परिजनों में चीखपुकार मची हुई है।
कटियामारी कर बाड़ में दौड़ाया गया था करंट
-जिले में बाड़ में दौड़ाए जा रहे करंट से अब आठ से अधिक लोगों की मौत, सो रहा बिजली विभाग
विद्युत विभाग को नहीं दिखती दिन-रात लगी कटिया
डेरवा। खेत में लगाई गई बाड़ में कटियामारी करके करंट दौड़ाया गया था। खेत के बगल से गए तार से ही कटियामारी करके करंट उतारा गया था। रात दिन जांच में लगे विद्युत विभाग के लोगों को यह कटियामारी नहीं दिखी। यही कारण रहा कि किशोरी की जान चली गई। इससे पहले भी जिले में खेतों में लगाई गई बाड़ में अवैध रूप से दौड़ाए गए करंट की चपेट में आने से आठ से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। इसके बाद भी बिजली विभाग सो रहा है।
जेठवारा थाना क्षेत्र के खटवारा गांव निवासी शेषनारायण पुत्र नंदकिशोर तिवारी ने खेत में जानवरों से सुरक्षा के लिए तारों की बाड़ लगाई थी। इसमें उन्होंने बगल से गए तार से कटियामारी कर करंट दौड़ा दिया था। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने तार में करंट लगाने का विरोध किया था। आसपास अन्य लोगों का अपने खेतों में आना जाना है। कहा गया था कि करंट तार टूटने पर जमीन में भी उतर सकता है और जान भी जा सकती है, लेकिन इसके बाद भी कटियामारी से करंट लगाए रखा गया। इसी के चलते छात्रा की जान चली गई। वह मेड़ से ही जा रही थी, लेकिन फिसल जाने के कारण तार की चपेट में आई। सीधे लाइन से तार आने के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि घरों में विद्युत विभाग के लोग लोड देखने पहुंच जाते हैं, लेकिन काफी दिन से खेत में कटियामारी करके लगाए गए तार को देखने कोई नहीं पहुंचा।