इंदौर के चर्चित दूल्हे हत्याकांड के बाद से फरार चल रहे एक शिक्षक को इंदौर की एसटीएफ टीम ने घुइसरनाथ धाम से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद बीएसए देवब्रत सिंह ने शिक्षक को निलंबित कर वेतन आहरण और उपस्थिति रजिस्टर के जांच का भी आदेश दिया है।
विकासखंड सांगीपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय दौलतपुर में तैनात रहे शिक्षक श्रीधर पांडेय करीब तीन साल पहले दोस्तों के साथ दर्शन के लिए उज्जैन गया था। लौटते समय उसकी इंदौर के एक दंपती से विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर शिक्षक और उसके साथियों ने युवक की पिटाई कर दी।
पुलिस के पहुंचने से पहले आरोपी शिक्षक दोस्तों के साथ भाग निकला था। घटना में तीन आरोपियों को इंदौर पुलिस पूर्व में ही गिरफ्तार कर चुकी है। तीन साल से लापता शिक्षक की तलाश में इंदौर पुलिस ने करीब 300 बार प्रतापगढ़ में दबिश दी, लेकिन वह हाथ नहीं लगा।
मुखबिर की सूचना पर आठ अगस्त को इंदौर की एसटीएफ टीम लालगंज पुलिस के साथ घुइसरनाथ धाम पहुंची। आरोपी शिक्षक को एसटीएफ ने हिरासत में ले लिया। बीएसए देवब्रत सिंह ने बताया कि शिक्षक को निलंबित कर जांच की जा रही है।
विद्यालय के रजिस्टर में उपस्थिति शत-प्रतिशत
इंदौर पुलिस के मुताबिक आरोपी की गिरफ्तारी के लिए विद्यालय में भी दबिश दी जा रही थी। हाजिरी रजिस्टर पर उसके हस्ताक्षर मिलते थे, लेकिन वह नहीं मिलता था। इंदौर पुलिस के रिकार्ड में आरोपी का नाम गौरव पांडेय दर्ज है। इससे भी आरोपी की गिरफ्तारी में दिक्कत आ रही थी। शिक्षकों से की गई पूछताछ में पता चला कि शिक्षक के घर का नाम गौरव है।