प्रतापगढ़/ रानीगंज। झगड़कर मायके गई बहू को न लाने पर हुई कहासुनी से नाराज बेटे ने बरामदे में चारपाई पर सो रहे पिता को कुल्हाड़ी से काट डाला। चीख पुकार सुनकर परिवार के लोग दौड़े तो आरोपी बेटा कुल्हाड़ी लेकर घर से भाग निकला। लहूलुहान हालत में परिवार उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इधर, सूचना पर पहुंची पुलिस ने आरोपी बेटे को हिरासत में लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
रानीगंज थाना क्षेत्र के टंडवा लच्छीपुर निवासी रामदास (65) का बुधवार रात बड़े बेटे अभयराज उर्फ पप्पू से बहू को मायके से लेकर आने को लेकर कहासुनी हो गई थी। रात में खाना खाने के बाद रामदास बरादमे में चारपाई पर सो रहा था। इसी दौरान अभयराज ने कुल्हाड़ी से पिता के सिर पर प्रहार कर दिया। चीख-पुकार मचने पर कुछ ही दूरी पर सो रही रामदास की पत्नी इसरावती की आंख खुल गई। इस पर उसने पति को चारपाई पर खून से लथपथ पाया। इसके बाद उसके शोर मचाने पर आरोपी बेटा अभयराज कुल्हाड़ी लेकर भाग निकला। रानीगंज थानाध्यक्ष का कहना है कि आरोपी बेटे को गौरा सीएचसी के पास से कुल्हाड़ी समेत पकड़ लिया गया है। पूछताछ और तहरीर मिलने पर एफआईआर दर्ज करके उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
रानीगंज पुलिस को दस बजे लगी भनक
टंडवा लच्छीपुर में रामदास की हत्या की भनक रानीगंज पुलिस को गुरुवार सुबह दस बजे हो सकी। इसके बाद हरकत में आई पुलिस ने जिला अस्पताल और घटनास्थल पहुंचकर छानबीन की। जानकारी केवक्त थानाध्यक्ष गंगा मेला के आगमन पर वीआईपी ड्यूटी में थे।
परिवार के लोग भी साधे रहे मौन
रामदास की हत्या के बाद परिवार के लोग भी मौन साधे रहे। पड़ोसी रंजिश होने के भय से शांत थे। लोग पुलिस को बताने के बजाय आरोपी बेटे अभयराज उर्फ पप्पू की तलाश करते रहे। परिजन घटना को पचाने में जुटे हुए थे। जिला अस्पताल पहुंचे उपनिरीक्षक ने बेटे सिद्धार्थ को बहुत कुरेदा, तब जाकर वह घटना की जानकारी देने लगा लेकिन मां द्वारा ही सही जानकारी देने की बात करता रहा।
बच्चों को छोड़कर मायके चली गई थी आरोपी की पत्नी
रानीगंज थाना क्षेत्र के टंडवा लच्छीपुर निवासी अभयराज उर्फ पप्पू का विवाह प्रयागराज की रहने वाली कंचन के साथ करीब पंद्रह साल पहले हुआ था। करीब एक माह पहले पारिवारिक कारणों से अभयराज उर्फ पप्पू ने अपनी पत्नी को मारापीटा था। इसके बाद वह बच्चों नीरज, प्रिंस व यश को घर पर ही छोड़कर चली गई थी। बुधवार रात अभयराज उर्फ पप्पू को पिता रामदास ने सलाह दी कि वह बहू कंचन को मायके से बुलाकर ले आए। इसी को लेकर पिता व बेटे के बीच कहासुनी हुई थी।
खून से सनी कुल्हाड़ी लेकर गौरा सीएचसी पहुंचा
पिता की हत्या करने के बाद आरोपी अभयराज खून से सनी कुल्हाड़ी लेकर गांव-गांव घूमता रहा। अगर, किसी ने उसे रोकने की कोशिश की तो उस पर भी हमलावर हो गया। उसके गौरा सीएचसी पहुंचने की जानकारी पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोचा। रानीगंज थाना क्षेत्र के टंडवा लच्छीपुर निवासी रामदास की हत्या करने के बाद बेटा अभयराज उर्फ पप्पू घर से भाग निकला। रात के अंधेरे में उसे लोगों ने खोजा, लेकिन वह मिला नहीं। रातभर वह गांव-गांव भटकता रहा। सुबह उसके हाथ में खून लगी कुल्हाड़ी देख कुछ लोगों ने रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह उन्हें मारने के लिए दौड़ पड़ा। इस पर लोग जान बचाकर भाग खड़े हुए। दोपहर में वह गौरा सीएचसी पहुंच गया। उसके हाथ में कुल्हाड़ी देख आसपास के लोग हैरत में पड़ गए। लोगों ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। कुछ देर बाद पुलिस पहुंच गई और घेराबंदी करने के बाद भी अभयराज उर्फ पप्पू को पकड़ने में मशक्कत करनी पड़ी।
मानसिक रोगी का किया नाटक
रानीगंज थाने पर आरोपी अभयराज उर्फ पप्पू को लेकर पुलिस पहुंची। पूछताछ के दौरान वह मानसिक रोगी होने का नाटक करता रहा। पूछताछ में पहले तो मृतक को अपना पिता मानने से इंकार किया। फिर किसी और के पिता की हत्या करने की बात कहकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसकी एक नहीं सुनीं। पुलिस का कहना है कि मृतक के छोटे बेटे और पत्नी के बयानों के आधार पर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
Son beats father with ax in Pratapgarh- फोटो : PRATAPGARH
Son beats father with ax in Pratapgarh- फोटो : PRATAPGARH