शुक्रवार को दो गांवों के लोगों के बीच हुए बवाल में पुलिस ने 139 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। बवाल की आशंका को देखते हुए गोविंदपुर व धूंई में पुलिस गश्त करती रही। उपद्रवियों ने पुलिस पर हमला करने के साथ ही प्रधानपुत्र को मारपीट कर लूटपाट की थी। घटना के बाद से गांव के सभी पुरुष फरार हो गए हैं।
पट्टी केतवाली के धूंई गांव के रामआसरे तिवारी के खेत में गुरुवार को पड़ोसी गांव गोविंदपुर के नन्हें वर्मा की गाय चली गई थी। जिसे लेकर दोनों पक्षों में विवाद हो गया था। शुक्रवार को पंचायत के बाद घर जाते समय प्रधान पुत्र अनिल तिवारी पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया था। पिटाई के दौरान उनके कीमती सामान भी लूट लिए थे।
अनिल की तहरीर पर पुलिस ने परसद निवासी दनिेश वर्मा, जगदीश वर्मा, सोनेलाल, गुड्डू, रामसुख, रमेश, हरिकेश, राजेश, अतुल वर्मा, ओमप्रकाश व 50 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया था। दूसरी ओर पुलिसकर्मियों पर हमला करने के मामले में आरक्षी रणजीत सिंह की तहरीर पर गोविंदपुर निवासी जगन्नाथ, रघुवीर, राजू, संदीप, कमलेश, मनोज, प्रदीप समेत अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है।
कुल 139 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। शनिवार को पुलिस ने 10 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। धूंई व गोविंदपुर में तनाव को देखते पुलिस व पीएसी तैनात है। रविवार को भी देवसरा व पट्टी पुलिस दोनों गांवों में फरार आरोपियों की तलाश में दबिश देती रही। हालांकि कोई नहीं मिला। वैसे दोनों गांवों में सन्नाटा पसरा हुआ है।
सीओ रमेशचंद्र ने बताया कि मारपीट व पथराव करने वाले उपद्रवियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है। 10 लोगों को जेल भेजा जा चुका है। गांव में पुलिस व पीएसी तैनात है। सभी को बराबर चक्रमण कर गांव के हालात पर नजर रखने के लिए निर्देश दिया गया है।