प्रतापगढ़। लालगंज कोतवाली क्षेत्र के ओरी का पुरवा सगरासुंदरपुर निवासी करीम की हत्या के मामले में नामजदगी और हदिराही प्रधान की गिरफ्तारी के विरोध में सैकड़ों ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। बोले कि चुनावी रंजिश में बेगुनाहों को फंसाया जा रहा है। घटना की निष्पक्ष जांच कराकर कार्रवाई की जाए।
ओरी का पुरवा निवासी करीम अली की हत्या में नामजद हदिराही प्रधान नन्हें वर्मा को पुलिस ने शुक्रवार को ही गिरफ्तार कर लिया था। शनिवार को पुलिस ने उसका चालान भेजा। दर्ज मुकदमे और प्रधान की गिरफ्तारी के विरोध में सैकड़ों ग्रामीण पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। वे नारेबाजी करते हुए पुलिस अधिकारियों से इंसाफ की मांग कर रहे थे। लोगों का कहना था कि नन्हेंलाल वर्मा, रामजी, सुनील व मनीष से घटना का कोई वास्ता नहीं है।
इन लोगों को चुनावी रंजिश में फंसाया गया है। उस समय एसपी कार्यालय में कोई भी अधिकारी मौजूद नहीं था। बाद में ग्रामीण नारेबाजी करते हुए दीवानी न्यायालय पहुंच गए। इससे न्यायिक मजिस्ट्रेट नाराज हो गए। शहर कोतवाल समेत अन्य अधिकारियों को तलब कर लिया। न्यायिक मजिस्ट्रेट के आदेश पर ग्रामीणों को बाहर ले जाया गया। इसके बाद उनकी मांगों को सुनने के लिए सीओ सिटी पहुंचे। भरोसा दिलाया कि उनकी मांग से आला अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा।
हत्या मामले में चालक से होगी पूछताछ
अमेठी सीएचसी प्रभारी की शुक्रवार रात मेदांता में मौत
वाहन की जांच करते रहे एएसपी पूर्वी व सीओ सिटी
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। गोली लगने से घायल अमेठी के सीएचसी प्रभारी डा. पीके सिंह की शुक्रवार की देर रात मेदांता में इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस अफसर फिर से चालक व कर्मचारी से पूछताछ करने की तैयारी में हैं।
सीएचसी अमेठी के अधीक्षक डॉ. पीके सिंह 11 दिसंबर को पैतृक घर जौनपुर से अमेठी लौट रहे थे। नगर कोतवाली के चिलबिला पावर हाउस के करीब क्रासिंग पर स्कार्पियो सवार डाक्टर को गोली मार दी गई थी। घायल चिकित्साधिकारी को पहले इलाहाबाद और फिर बाद में मेदांता ले जाया गया। वहां शुक्रवार रात उनकी मौत हो गई। यह खबर घर पहुंची तो परिवार के लोग बिलखने लगे। डॉक्टर की मौत की खबर मिलने के बाद शनिवार को अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी नीरज पांडेय, सीओ सिटी मनीष मिश्रा, नगर कोतवाल हरपाल सिंह यादव घटना के हर बिंदुओं पर छानबीन करने के साथ ही कब्जे में ली गई कार की जांच करते रहे। नगर कोतवाल हरपाल सिंह यादव ने बताया कि फिर से चालक मोबिश और कर्मचारी अवधेश से पूछताछ की जाएगी। परिवार के लोगों से भी बातचीत होगी। परिवार के लोग किराएदार से हुए विवाद को घटना से जोड़ते हुए आशंका जता रहे थे।
इनसेट----
अमेठी और जौनपुर पहुंची पुलिस
पुलिस अधीक्षक एमपी वर्मा के आदेश पर कोतवाली से दो टीमें शनिवार को जौनपुर और अमेठी जांच करने के लिए भेजी गईं। वहां टीम ने डाक्टर के करीबी लोगों से जानकारी लेने के साथ ही विरोधियों की तलाश करती रही। कई लोगों का बयान दर्ज किया। हालांकि टीमें किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच सकी थीं।
सहायक प्रबंधक की मदद को भेजे 21 लाख
कटरामेंदनीगंज(ब्यूरो)। अंतू स्थित बैंक आफ बड़ौदा के सहायक मैनेजर शशांक सिंह को 14 दिसंबर को घर आते समय गड़वारा मोड़ के करीब बाइक सवार बदमाशों ने गोली मार दी थी। इलाहाबाद में हालत गंभीर देख डाक्टरों ने मेदांता के लिए रेफर कर दिया। शनिवार को सहायक बैंक प्रबंधक को परिवार के लोग मेदांता ले गए। बताया जाता है कि अपने साथी के साथ हुई घटना से आहत सहकर्मियों ने मदद को हाथ बढ़ाया। कई बैंक शाखाओं में कार्यरत कर्मचारियों ने चंदा कर अब तक 21 लाख रुपये की मदद भेजी है।