शहर के पुराना माल गोदाम रोड पर स्थित प्राइमरी स्कूल कई वर्षों से बंद चल रहा था। इसकी वजह से परिसर में वीरानी छाई हुई थी। बीएसए के प्रयास से वीरान स्कूल फिर से चल निकला। अब वहां बच्चों को शिक्षा के साथ ही मिड-डे मील भी मिलने लगा है।
नगर के तहसील वार्ड पुराना माल गोदाम रोड स्थित प्राथमिक विद्यालय जर्जर होने के कारण कई वर्षों से बंद पड़ा था। बंद स्कूल परिसर पर बेसिक शिक्षा अधिकारी एसटी हुसैन ने नजर दौड़ाई। उन्होंने जर्जर स्कूल भवन की गायब खिड़की और दरवाजे लगवाने के साथ शिक्षकों और कर्मचारियों की भी तैनाती कर दी। करीब एक सप्ताह से चल रहा बीएसए का प्रयास अब रंग लाया। प्रधानाध्यापक राकेश पांडेय ने बताया कि बीस बच्चों का दाखिला हो गया है। उनके खाने के लिए मिड डे मील भी बनने लगा है। प्रवेश लेने वाले बच्चों को पाठ्य पुस्तकें भी वितरित की गई हैं। जो बच्चे अभी स्कूल का मुंह नहीं देखे हैं उन्हीं के प्रवेश की कोशिश जारी है। बुधवार को स्कूल में बारह बच्चे पढ़ने के लिए पहुंचे थे। बच्चों को बेहतर तालीम मिल सके इसलिए एक शिक्षिका की भी तैनाती की गई है। उम्मीद जताई कि नए शिक्षा सत्र में बच्चों की संख्या 80 के करीब पहुंच जाएगी।
चूंकि स्कूल का भवन पुराना होने के कारण बहुत जर्जर हो चुका है। इसलिए नए भवन का प्रस्ताव बनाकर बीएसए ने विभाग के अधिकारियों को भेजा था। वहां से नए स्कूल भवन की मंजूरी मिल गई है। जल्द ही स्कूल के लिए नया भवन बनेगा। स्कूल में शिक्षा ग्रहण करने वाले बच्चों को ड्रेस भी वितरित की जाएगी।