संडवा चंद्रिका विकास खंड के जलालपुर और दांदूपुर दौलत में मनरेगा से हुए विकास कार्यों में व्यापक धांधली मिली है। मनरेगा लोकपाल ओपी सिंह के औचक निरीक्षण में घटिया इंटरलाकिंग और तालाब निर्माण में हेराफेरी पाई गई। दांदूपुर दौलत का अभिलेख देने के बजाए वीडीओ मौके से भाग निकले।
जिले में मनरेगा लोकपाल की तैनाती होते ही उन ग्राम पंचायतों में विकास कार्य की हकीकत देखने का दौर प्रारंभ हो गया है, जिन्होंने अधिक धनराशि खर्च की है। जिले के संडवा चंद्रिका विकास खंड के दांदूपुर दौलत और जलालपुर ग्राम पंचायत में मनरेगा से एक-एक करोड़ रुपये के विकास कार्य हुए हैं।
मनरेगा लोकपाल जिले में कदम रखते ही मंगलवार को विकास कार्य देखने गांव पहुंच गए। जलालपुर में रामनरायन के खेत से स्वामी सिंह के घर तक और बाबू का पुरवा से पारा पिच मार्ग तक इंटरलाकिंग में व्यापक गड़बड़ी मिली है। दांदूपुर दौलत में तालाब निर्माण और इंटरलाकिंग में अनियमितता उजागर हुई है।
दांदूपुर दौलत का वीडीओ चिंरजीव पटेल जांच के दौरान मौके से फरार हो गया। लोकपाल ने सीडीओ को पूरे मामले से अवगत कराते हुए टीम गठित कर कार्रवाई करने के लिए पत्र लिखा है।
सड़क निर्माण में 2835 रुपये की होगी रिकवरी
मानधाता विकास खंड के जमुआ ग्राम पंचायत में खड़ंजा से बालेंद्र के घर तक संपर्क मार्ग की जांच में 2835 रुपये की रिकवरी होगी। सीडीओ ने गांव की प्रधान ममता सिंह, वीडीओ अरविंद कुमार सिंह और टीए आनंद कुमार श्रीवास्तव से इस रकम की रिकवरी करने को कहा है।