नगर निकाय चुनाव के लिए प्रचार-प्रसार सोमवार शाम से ही बंद हो गया, लेकिन चुनाव से एक दिन पहले मंगलवार को सभी प्रत्याशियों ने डोर टू डोर जनसंपर्क करने में अपनी ताकत झोंकी। सपा, बसपा, भाजपा और कांग्रेस उम्मीदवार अंतिम समय तक अपने लिए वोट मांगती रहीं। आधी रात तक विनती, मान-मनौव्वल और जनसंपर्क का सिलसिला चलता रहा।
एक-एक घर का दरवाजा खटखटाती रहीं गीता
नगर पालिका अध्यक्ष पद के लिए सपा की उम्मीदवार गीता मिश्रा मंगलवार दोपहर एक बजे के करीब महिलाओं की टोली के साथ बलीपुर दुर्गा मंदिर पहुंची। मंदिर में पूजा करने के बाद वह विवेकनगर में अपील करने पहुंची। इस दौरान वह एक-एक घर का दरवाजा खुलवाती रहीं। अगर गेट पर महिलाएं आईं तो गले लगाया। उन्हें साइकिल निशान याद दिलाया। अगर दरवाजा पुरुषों ने खोला तो वह सीधे घर के अंदर घुसकर महिलाओं से अपील करती रहीं। रास्तेे में रिक्शा, मोटरसाइकिल वालों तक को रोका।
घर से दुकान तक चक्कर लगाती रहीं प्रेमलता
भाजपा प्रत्याशी प्रेमलता सिंह ने भी आखिरी दिन जनसंपर्क में पूरी ताकत झोंक दी। महिला मंडली के साथ वह कभी महुली चिलबिला तो कभी बाबागंज की तरफ भागती रहीं। घर से लेकर दुकान तक एक-एक व्यक्ति तक से वोट देने की अपील करती रहीं। साथ रहीं महिलाएं भी लोगों को कमल का फूल याद दिलाती रहीं। जहां जिसे देखा उसे तुरंत रोक लिया और सुबह सात बजे तक बूथ पर पहुंचने के लिए कहती रहीं।
कार्यकर्ताओं के साथ तैयारी में लगी रहीं राखी
बहुजन समाज पार्टी की प्रत्याशी राखी जैन सुबह जनसंपर्क के लिए निकलीं। दोपहर बाद उनके कार्यालय पर कार्यकर्ताओं की भीड़ जमा थी। एक बूथ की जिम्मेदारी तय की जा रही थी। एजेंटों को उनका काम समझाने के साथ पूरी तरह से तैयार रहने के लिए बताया जा रहा था। प्रत्याशी राखी
जैन भी कार्यकर्ताओं को जरूरी दिशा-निर्देश देती रहीं।
बस्ता तैयार करवाने में जुटीं रहीं उर्मिला
कांग्रेस प्रत्याशी उर्मिला जायसवाल मंगलवार दोपहर पति और कार्यकर्ताओं के साथ अपने कार्यालय पर बैठकर रणनीति बनाती रहीं। चुनाव के लिए बस्ता तैयार किया जा रहा था। बीच-बीच में चुनावी समीकरण को लेकर भी चर्चा होती रही। कार्यकर्ताओं को बूथों पर पूरी तैयारी के साथ डटे रहने के लिए कहा जा रहा था। एक-एक वार्ड के वोटरों पर भी नजर डाली जा रही थी।