इस बार यूपी बोर्ड पायलट प्रोजेक्ट के तहत उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन ऑनलाइन करने की तैयारी में है। प्रयागराज, वाराणसी सहित दूसरे जनपदों के कुछेक विद्यालयों में पिछले साल हुए ऑनलाइन मूल्यांकन की प्रक्रिया लागू करने का कार्य किया जा रहा है।
मूल्यांकन से पहले ऑनलाइन शिक्षकों की ड्यूटी सूची जारी होगी ताकि समय पर शिक्षकों को मूल्यांकन के लिए प्रशिक्षित किया जा सके। मूल्यांकन के दौरान शिक्षकों को तकनीकी समस्याओं का सामना करना पड़े। परीक्षा शुरू होने के दौरान नया आदेश जारी हो सकता है। डीआईओएस ओमकार राणा ने बताया कि पिछले साल उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन मैन्युल तरीके से हुआ था। कुछ जनपदों में ऑनलाइन मूल्यांकन होने के कारण ही परीक्षा परिणाम 15 दिन के अंदर ही घोषित कर दिया गया था। ऑनलाइन मूल्यांकन होने से उत्तरपुस्तिकाओं की जांच की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने में मदद मिल सकती है। इसके लिए शिक्षकों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार कॉपियों का मूल्यांकन करने का तरीका समझाया जाता है। ड्यूटी लगाने से लेकर प्रशिक्षण तक की प्रक्रिया समय से पूरी करने की तैयारी चल रही है। बोर्ड परीक्षा का कार्यक्रम पांच से 24 फरवरी 2027 तक प्रस्तावित है। परीक्षा केंद्रों के निर्धारण की प्रक्रिया भी चल रही है। उन्होंने बताया कि इस बार एक लाख के आसपास परीक्षार्थी यूपी बोर्ड परीक्षा देंगे।