नवाबगंज थाना क्षेत्र के कोथरिया में इलाहाबाद जल शाखा की शारदा सहायक नहर में मिली डाल्फिन को पीटकर मार डालने के आरोपियों को पुलिस भूल गई है। खाने के इरादे से पीटकर की गई डाल्फिन की हत्या में पुलिस ने सिर्फ तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है, जबकि घटना के बाद वायरल हुए वीडियो में दर्जनभर लोग मछली को पीटते दिख रहे हैं। वन विभाग की टीम भी ऐसे लोगों पर शिकंजा कसने के बजाय उदासीन बनी है।
कोथरिया गांव के पास इलाहाबाद जल शाखा की शारदा सहायक नहर में 31 दिसंबर 2020 को डाल्फिन मछली मरी हुई मिली थी। ग्रामीणों से सूचना मिलने के बाद वन विभाग के बीट प्रभारी और पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर उसके डाल्फिन होने की पुष्टि की थी। घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। जिसमें करीब दर्जनभर लोग डाल्फिन को लाठी-डंडे व धारदार हथियार से मारते नजर आ रहे हैं।
मामला मीडिया में आने के बाद वन वरिभाग के बीट प्रभारी की तहरीर पर अज्ञात ग्रामीणों के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस ने इस मामले में बाद में चिह्नित कर तीन आरोपी राहुल कुमार पुत्र अयोध्या प्रसाद सरोज निवासी आजाद नगर ऊंचाहार रायबरेली, राहुल कुमार पुत्र छोटेलाल और अनुज कुमार पुत्र रामपाल निवासी हरिहरपुर कोतवाली ऊंचाहार रायबरेली को जेल भेज दिया। इसके बाद पुलिस खामोश बैठ गई है।
वन विभाग की टीम भी ऐसे लोगों पर शिकंजा कसने के बजाय उदासीन बनी हुई है। नवाबगंज थानाध्यक्ष ने बताया कि कुल बारह लोगों को चिह्नित किया गया था। जिसमें से तीन लोगों को जेल भेजा जा चुका है। नौ लोगों की तलाश में लगातार पुलिस दबिश दे रही है। वह घर छोड़कर फरार हैं।