शहर के होटलों के बाद प्रशासन ने लाज संचालकों पर शिकंजा कसने के लिए निरीक्षण प्रारंभ कर दिया है। मंगलवार को अफसरों के निरीक्षण में हर लाज में खामियां मिलीं। जबकि कई संचालक अपना लाज बंद कर भाग निकले। सभी के खिलाफ कार्रवाई के लिए विभागीय रिपोर्ट तैयार की जा रही है।
बाबागंज स्थित होटल गोयल रेजीडेंसी में आग लगने से दस लोगों की मौत के बाद प्रशासन ऐसे संस्थानों पर लगातार शिकंजा कस रहा है। होटलों की चेकिंग के बाद मंगलवार को एसडीएम सदर जेपी मिश्रा ने फायरब्रिगेड व पुलिस बल के साथ भंगवाचुंगी स्थित लाजों का निरीक्षण किया। सबसे पहले एसडीएम कृष्णा लाज पहुंचे। वहां मुसाफिरयों की सुरक्षा के लिए किए गए इंतजाम नाकाफी मिले। इसके बाद अधिकारी श्यामा लाज पहुंचे। मानक के विपरीत लाज मिला। घटना के बाद लोगों के बाहर निकलने के लिए कोई खास इंतजाम नहीं किया गया था।
वहां से निकलकर टीम इम्पीरियल लाज पहुंची। वहां भी कमियां मिलीं। करीब दस मिनट तक जांच पड़ताल करने के बाद एसडीएम सियाराम गेस्ट हाउस पहुंचे। वहां ताला बंद मिला। बताया गया कि कुछ देर पहले ही गेस्ट हाउस में ताला बंद कर मैनेजर कहीं चला गया। एसडीएम ने शहर के सभी गेस्ट हाउसों और लाज संचालकों से मुसाफिरों की सुरक्षा के इंतजाम से संबंधित अभिलेख तलब किया है। एसडीएम ने बताया कि सभी होटल व लाज मानक के विपरीत मिले हैं। सभी के खिलाफ कार्रवाई के लिए रिपोर्ट तैयार की जा रही है।