जिले में एक अप्रैल से राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन योजना लागू हो रही है। इस योजना से अधिकाधिक लोगों को लाभान्वित कराने के लिए राशनकार्डों की फीडिंग कार्य तेजी से हो रहा है। विभागीय अधिकारियों की मानें तो अभी तक 80 प्रतिशत राशनकार्डों की फीडिंग हो गई है।
पहले चरण में प्रदेश के 39 जिलों में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन योजना लागू हो चुकी है। दूसरे चरण में बेल्हा सहित अन्य जिलों में एक साथ योजना लागू होने जा रही है। इस योजना के तहत गरीबी रेखा के नीचे जीवनयापन करने वाले परिवारों को नए ढंग से चिह्नित किया जाएगा। शहरी और ग्रामीण इलाकों के गरीब परिवारों को दो रुपये किग्रा गेहूं और तीन रुपये किग्रा चावल दिया जाएगा। योजना से अधिकाधिक लोगों को लाभान्वित करने के लिए इन दिनों राशनकार्डों की ऑनलाइन फीडिंग की जा रही है।
विभागीय आंकड़ों पर गौर करें तो जिले में 7,07,000 राशनकार्ड धारक हैं। इनमें से 5,60,000 राशनकार्डों की फीडिंग हो चुकी है। एआरओ सतीश कुमार मिश्र ने बताया कि राशनकार्डों की फीडिंग का काम तेजी से हो रहा है। उन्होंने बताया कि जिले के सभी कोटेदारों के माध्यम से राशनकार्ड बनाने के लिए फार्म भराया गया था। जिसे कंप्यूटर में फीड कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अगर किसी व्यक्ति ने राशनकार्ड के लिए फार्म न भरा हो तो वह किसी भी साइबर कैफे से विभाग की वेबसाइट पर आनलाइन फार्म भर सकता है।