कुंडा। अव्यवहारिक नियमों के चलते फूड सेफ्टी विभाग मिलावट रोकने में नाकाम हो रहा है। खुलेआम मिलावट होने के बावजूद अफसर कार्रवाई कर पाने में नाकाम हैं। बिना आईडी और एड्रेस प्रूफ वाले विक्रेताओं के खिलाफ अफसर सैंपल लेने की कार्रवाई नहीं कर पाते हैं।
त्योहार आते ही मिलावटखोर सक्रिय हो गए हैं। बड़ी दुकानों के साथ ही ठेली-पटरी वाले खुलेआम मिलावटी सामान की बिक्री कर रहे हैं। सड़क किनारे लोग चाइनीज फूड, मिठाई, वेज बिरयानी, चावल आदि की ठेलियां व दुकान लगाते हैं। इनके पास न तो आईडी होती है और न ही आवास का कोई सही पता।
फूड सेफ्टी अफसर सैंपल लेकर जांच को भेजते हैं। जांच में फेल होने के बाद इनके खिलाफ अभियोग दर्ज कराया जाता है। इनके घर पर नोटिस तामील कराना होता है। इसकी जिम्मेदारी फूड सेफ्टी अफसरों और पुलिस की होती है। ठेले-पटरी वाले दुकानदार सैंपल लेने पर किसी दूसरे क्षेत्र में जाकर सामान बेचने लगते हैं। ऐसे में इनको तलाश पाना आसान नहीं होता है। इस डर से अफसर ऐसे दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई ही नहीं करते हैं। नियमानुसार बिना लाइसेंस वाले खाद्य विक्त्रस्ेताओं के खिलाफ प्रवर्तन की कार्रवाई की जानी चाहिए लेकिन इस तरह की कार्रवाई अभी शुरू नहीं हो पाई है। बस सैंपल लेने तक ही फूड सेफ्टी अफसर रह जाते हैं।
कुंडा। दीपावली पर खुशियां ज्यादातर अमीरों के घरों मेें ही आती हैं। गरीब बच्चे तो बस कुछ पटाखे और मिठाई से ही संतोष कर लेते हैं। ऐसे ही बच्चों की खुशियां इलाहाबाद बैंक के लोगों ने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में बांटीं। कपड़े टाफी के साथ पहुंचे बैंक के लोगों ने बच्चों की खुशी दोगुनी कर दी।
विकास खंड कुंडा के ताजपुर स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में मंगलवार को इलाहाबाद बैंक के प्रबंधक आलोक कुमार अपने साथियों संग पहुंचे। इसके बाद सभी बच्चों को एक-एक सेट कपड़े प्रदान किए गए। इस दौरान उन्होंने कहा कि बच्चे भगवान का रूप होते हैं। उनके साथ बैठने और खेलने का संयोग कम ही लोगों को मिलता है। गरीब बच्चों को प्रोत्साहित करने से उनकी स्वाभाविक प्रतिभा पर असर पड़ता है। पढ़ाई के साथ ही उन्हें संस्कार भी दिए जाने चाहिए। इससे वह आगे चलकर भी पढ़ाई में अपना ध्यान लगा सकें।
कहा कि इन बच्चों के लिए हमेशा कुछ न कुछ किया जाता रहेगा। लगभग सभी त्योहारों पर बैंक की तरफ से या फिर निजी खर्चें से उन्हें प्रोत्साहित किया जाएगा। सभी बच्चों में टाफियां बांटकर उन्होंने उन्हें परीक्षा में अच्छे नंबर लाने का वादा भी लिया। इस दौरान स्कूल की वार्डेन इफतजहां, वैष्णवी शुक्ला, सरिता मोदनवाल, बाबाराज सिंह, आदित्य कुमार आदि मौजूद रहे।
कुंडा। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एसडीएम के साथ ही सीओ ने पटाखे की दुकानें चेक कीं। इस दौरान दुकानदारों के लाइसेंस चेक किए गए। साथ ही उन्हें बिक्री के दौरान मानकों का भी ख्याल रखने के लिए कहा गया।
जिलाधिकारी के निर्देश पर एसडीएम एके श्रीवास्तव व सीओ कबींद्र नारायण मिश्र ने पटाखों की दुकानों का निरीक्षण किया। कुंडा में पुराने बस अड्डे पर पटाखें की दुकानें लगती हैं।
इसके बाद उन्हें दुकानों पर समुचित व्यवस्था किए जाने की बात कही। कुछ जगहों पर पानी कम रखा था तो कुछ जगहों पर फायर किट मौजूद नहीं थी। ऐसे में उन्हें एहतियात के लिए पहले से ही इन चीजों की उपलब्धता कराए जाने की बात कही गई। निरीक्षण के दौरान शेखपुर चौराहे में एक व्यक्ति ने घर के अंदर दुकान लगा रखी थी। उसका सामान बाहर निकलवाया गया और उसे घर के बाहर सड़क पर सुनसान में दुकान लगाने को कहा गया। अधिकारियों के निरीक्षण से पटाखा व्यवसायियों में हड़कंप की स्थिति रही।