जिले में बुधवार को नागपंचमी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। ग्रामीण और शहरी इलाकों में स्थित शिव मंदिरों में भक्तों ने नाग देवता को लावा और दूध चढ़ाया। ग्रामीण इलाकों में मेले के साथ दंगल प्रतियोगिताएं हुईं। स्थान बनाने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया।
महिलाओं ने नाग देवता को प्रसन्न करने के लिए शिव मंदिरों में दूध और लावा चढ़ाया। शाम को शिव मंदिरों के पास लगने वाले मेले में खूब खरीदारी की। शहर के बेल्हा देवी मंदिर स्थित शिव मंदिर और सई नदी तट पर महिलाओं ने नागदेवता को दूध और लावा चढ़ाया। मंदिरों में जगह-जगह झूले भी लगेे। महिलाएं नीम के पेड़ पर झूला झूलते हुए कजरी गाती नजर आ रहीं। ग्रामीण इलाकों में विभिन्न स्थानों पर मेला में दंगल, खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन कर स्थान बनाने वाले बच्चों को पुरस्कृत किया गया।
चिलबिला स्थित हनुमान मंदिर पर मेले में लोगों की भारी भीड़ रही। कबड्डी में कप्तान शिव सिंह के नेतृत्व में इंद्र भवन यादव, सौरभ सिंह, संतोष यादव, अजय सिंह, शिवम सिंह, विपिन सिंह के बेहतरीन प्रदर्शन के बल पर चिलबिला की टीम ने पूरे भगवानदास की टीम को कड़े मुकाबले में परास्त किया। लंबी कूद में इंद्रभवन यादव ने प्रथम, संतोष यादव ने दूसरा और सौरभ सिंह ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। कुश्ती प्रतियोगिता में गौरव सिंह ने सभी पहलवानों को चित कर खिताब अपने नाम किया। प्रतियोगिता के मुख्य अतिथि पूर्व एडीआईओएस डा. दयाराम मौर्य और समाजसेवी रोशनलाल उमरवैश्य ने स्थान बनाने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया। मेला व्यवस्थापक आनन्द मोहन ओझा ने बताया कि अगले वर्ष इस मेले का स्वरूप और व्यापक होगा। इस मौके पर डा. रामानुज भ्रमर, दिग्दिवजय नाथ पांडेय, पारसनाथ गुप्ता, जीतलाल, संतोष कुमार, छेदीलाल, रामगोपाल, त्रिभुवनलाल, गोपाल अग्रवाल आदि मौजूद रहे।