शौचालयों का ढांचा खड़ा कर निकाल ली लाखों की रकम
नेवादा खुर्द में शौचालय निर्माण में गोलमाल, ग्रामीणों ने प्रधान व सचिव पर लगाया आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
बाबागंज। प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान को किस तरह पलीता लगाया जा रहा है, इसका नजारा नेवादा खुर्द गांव में देखा जा सकता है। एक लाइन से गांव में शौचालय बने हुए हैं, लेकिन न तो सीट है, न छत है और और न ही गड्ढे बनाए गए हैं। इन सभी शौचालयों का भुगतान करा लिया गया है।
विकासखंड बाबागंज के ग्राम पंचायत नेवादा खुर्द में स्वच्छ भारत मिशन के तहत करीब 500 शौचालय निर्माण की धनराशि आई थी। ग्राम प्रधान और ग्राम विकास अधिकारी ने शौचालय का निर्माण भी कराया, लेकिन इसमें न तो गड्ढे बनाए और न ही सीट लगाई। यही नहीं इसकी छत भी नहीं बनाई गई। इसके चलते यह किसी के उपयोग में नहीं हैं। गांव के लोगों को शौच के लिए बाहर जाना पड़ रहा है। आधे-अधूरे बने शौचालय भी अब जर्जर होते जा रहे हैं। इधर इसकी पूरी धनराशि भी निकाल ली गई है। ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम प्रधान तथा ग्राम विकास अधिकारी ने आधे-अधूरे शौचालयों का निर्माण करवाकर लाखों रुपये का बंदरबांट कर लिया है। ग्राम पंचायत के कोटिला, अतरवारी, साड़ा हर्षपुर, पूरे निर्मल खुर्द, नेवादा खुर्द में शौचालयों का ढांचा खड़ा करके रुपये निकाल लिए गए है। सबसे बड़ी बात है कि बाबागंज बीडीओ संतोष कुमार यादव को भी इतने बड़े घपले की भनक तक नहीं लगी। कई बार अधूरे शौचालय निर्माण की शिकायत ग्रामीणों ने ब्लाक में की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। बीडीओ ने बताया कि इसकी जांच करवाकर अधूरे शौचालयों को पूरा कराया जाएगा।
तालाब की जमीन कब्जा करने पर 19 लोगों के ऊपर दर्ज हुई रिपोर्ट
बाघराय (संवाद)। थाना क्षेत्र के धनवासा गांव में तालाब की जमीन पर खेती करने के साथ ही मकान भी बना लिया गया है। इसकी शिकायत ग्रामीणों ने तहसीलदार कुंडा से की थी। तहसीलदार के निर्देश पर लेखपाल इस्तखार अहमद ने गांव के बुधराम, रामनाथ, राजनाथ, रामसेवक, भाईलाल, बंशीलाल, हरिलाल, रामसेवक, शिवमूरत, लालजी, छोटेलाल, बब्बू, सीताराम, बाबूलाल, अमरनाथ, रामआसरे, छोटेलाल, रमाकांत के विरुद्ध लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया है।
राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ कार्यकारिणी का विस्तार
चार नवीन विकास खंडों के पदाधिकारियों की हुई घोषणा
कुंडा। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की प्राथमिक संवर्ग इकाई ने जनपद के चार विकास खंडों में नई कार्यकारिणी का गठन कर पदाधिकारियों की घोषणा की। विकासखंड बाबागंज में अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार पांडेय, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अजय कुमार तिवारी, महामंत्री अरुण कुमार द्विवेदी, संगठन मंत्री डा. सुंदरम श्रीवास्तव, कोषाध्यक्ष राजेश कुमार मिश्रा, उपाध्यक्ष कमलेश कुमार गौतम व सुशांत पांडेय संयुक्त मंत्री बृजेश कुमार तिवारी, मंत्री दिनेश कुमार मौर्य को घोषित किया गया। विकासखंड कालाकांकर में अध्यक्ष डा. अवधेश शंखधर, महामंत्री आनंद कुमार शुक्ला व संगठन मंत्री केके पांडेय को बनाया गया। विकास कुंडा में अध्यक्ष भागवत प्रसाद, महामंत्री प्रवीण कुमार मिश्र तथा कोषाध्यक्ष राकेश त्रिपाठी एवं संगठन मंत्री दीपेश मणि त्रिपाठी को कार्यभार सौंपा गया। कार्यक्रम सेंट जेवियर्स इंटर कॉलेज में सामाजिक दूरी का पालन करते हुए कराया गया। इस दौरान सभी पदाधिकारियों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करते हुए एक-एक पौधा प्रदान किया गया। कार्यक्रम में जनपद के संगठन मंत्री राजीव सिंह, संतोष कुमार मिश्र, डा. ललित कुमार मिश्रा मौजूद रहे। अध्यक्षता जनपदीय अध्यक्ष अशोक राय एवं संचालन महामंत्री जय प्रकाश पांडेय ने किया।
बकरी पालन से भी श्रमिक बन सकते हैं आत्मनिर्भर
कृषि विज्ञान केंद्र ऐंठू के वैज्ञानिकों ने श्रमिकों को दिया बकरी पालन का प्रशिक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
कुंडा। कृषि विज्ञान केंद्र प्रवासी श्रमिकों को बकरी पालन का प्रशिक्षण दिया गया।
विकास खंड कालाकांकर के रामपुर गड़ौली में 25 से 27 अगस्त के बीच प्रवासी श्रमिकों के लिए आयोजित प्रशिक्षण में पशु चिकित्सक डा. अमित बरनवाल ने बताया कि प्राकृतिक संसाधनों से जुड़ा बकरी पालन गांव के लिए बेहतर है। बकरी पालन के लिए बकरियों की उन्नत नस्लें जैसे जमुनापारी, बरबरी, सिरोही, बीटल हैं। उन्होंने उनके आवास एवं पोषण व्यवस्था के बारे में जानकारी दी। बकरियों में होने वाली संक्रामक बीमारियों से बचाव के लिए टीकाकरण तथा रोगों की पहचान तथा प्राथमिक उपचार के बारे में प्रवासियों को बताया गया। उन्होंने बताया कि बकरियों के दूध में प्रचुर मात्रा में पोषक तत्व तथा खनिज लवण पाया जाता है। इसका दूध एवं दही के प्रयोग से बच्चों में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। प्रशिक्षण के दौरान अखिलेश, मिथलेश कुमार, ज्ञान चन्द्र, लल्लू प्रसाद, दिवाकर साहू, गोरे लाल, दीपू, करमचंद्र आदि प्रवासी श्रमिक मौजूद रहे।