अप्रैल-मई 2026 में प्रस्तावित पंचायत चुनाव को देखते हुए पुलिस प्रशासन की तैयारियां तेजी से चल रही हैं। जिले के 845 अपराधियों का फिर से सत्यापन होगा। इस बार हल्का सिपाही नहीं बल्कि दरोगा सत्यापन कर रहे हैं।
जनपद में चिह्नित अपराधियों का सत्यापन पूर्व एसपी अनिल कुमार के कार्यकाल में बंद हो गया था। उनके पहले एसपी रहे सतपाल अंतिल लगातार बदमाशों का सत्यापन कराते रहे। जिससे उनके परिवार के लोगों में खलबली मची रहती थी। पंचायत चुनाव में आपराधिक गतिविधियों में लिप्त लोगों का प्रभाव मतदाताओं पर न पड़े, इसके लिए ऐसे बदमाशों का सत्यापन नए सिरे से कराया जा रहा है।
इस बार एसपी ने सत्यापन के कार्य में बदलाव किया है। अभी तक हल्का सिपाही के अलावा दूसरे पुलिसकर्मी बदमाशों का सत्यापन करने उनके घर पहुंचते थे। इस बार हल्का सिपाही संग हल्के के दरोगा को बदमाशों के घर दस्तक देना होगा। पुलिसकर्मी अपराधी के घर जाकर उसका ब्योरा जुटाएंगे।
वह कहां रहने लगा है, क्या कर रहा है। उसका आधार कार्ड व नई तस्वीर भी लेंगे। परिवार में कितने लोग हैं। कौन क्या करता है। इसका भी कुंडली तैयार होगी। एसपी दीपक भूकर ने बताया कि पंचायत चुनाव को देखते हुए अपराधियों का सत्यापन नए सिरे से कराया जा रहा है।