पैमाइश के दौरान एक पक्ष की ओर से पुलिस टीम पर हमला कर दिया गया। लाठी-डंडों से हुए हमले में दरोगा व दो सिपाही घायल हो गए। दरोगा की तहरीर पर प्रधानपति समेत छह आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
लालगंज कोतवाली के डीहमेंहदी निवासी अतीक अहमद ने एसडीएम राम नारायण को शिकायती पत्र देकर तालाब की जमीन की पैमाइश कराने की मांग की थी। एसडीएम के आदेश पर बुधवार की शाम राजस्वकर्मी पुलिस टीम को साथ लेकर पैमाइश के लिए गांव पहुंचे। पैमाइश के दौरान किसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच में विवाद हो गया।
देखते ही देखते दोनों पक्ष लाठी-डंडा व फावड़ा लेकर भिड़ गए। बीच बचाव करने पर अतीक के विपक्षी प्रधानपति नवाब अली समेत अन्य लोग पुलिसकर्मियों पर ही टूट पड़े। हमले में उपनिरीक्षक राजेश कुमार समेत सिपाही सुजीत व विशाल वर्मा घायल हो गए। अचानक हुए हमले के बाद पैमाइश को गई पुलिस व राजस्व की टीम लौट आई। रात में उपनिरीक्षक राजेश कुमार की तहरीर पर प्रधानपति नवाब अली, फकरे आलम, बादशाह, नाजिम, मुन्ना व अब्दुल्ला के खिलाफ बलवा, सरकारी कार्य में बाधा व पुलिस टीम पर हमला करने का मुकदमा दर्ज किया गया।
कोतवाली पुलिस ने प्रधानपति नवाब अली, फकरे आलम, बादशाह, मुन्ना व अबदुल्ला को दबिश देकर धर दबोचा। बृहस्पतिवार को पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों का चालान कर जेल भेज दिया। इस बारे में प्रभारी निरीक्षक संजय यादव ने बताया कि पुलिस टीम पर हमला करने वाले पांच आरोपियों को जेल भेजा गया है। मामले की जांच की जा रही है।
दूसरे पक्ष ने दर्ज कराया हत्या के प्रयास का केस
पुलिस टीम पर हमला करने से पहले आरोपियों ने पैमाइश की पैरवी करने वाले अतीक व उसके परिजनों पर जानलेवा हमला किया था। पीड़ित पक्ष की अतीक अहमद का आरोप है कि प्रधानपति नवाब अली, फकरे आलम, सरफराज, बादशाह व नाजिम समेत कुछ अज्ञात लोगों ने लाठी डंडा व फावड़े से जान से मार डालने का प्रयास किया। पीड़ित की शिकायत पर विपक्षियों के खिलाफ हत्या के प्रयास, बलवा, मारपीट समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस के साथ ही पीड़ित की शिकायत पर दूसरा मुकदमा दर्ज कर आरोपियों पर शिकंजा कसा गया है।