दून एक्सप्रेस में शुक्रवार को एक यात्री की हालत बिगड़ गई। उसके सीने में दर्द होने लगा। दर्द से वह कराहने लगा तो प्रतापगढ़ जंक्शन पर ट्रेन रोककर उसे नीचे उतारा गया। मगर स्टेशन पर डॉक्टर न होने की वजह से यात्री का इलाज नहीं हो सका। हालांकि, गंभीर हालत में यात्री को एंबुलेंस से मेडिकल कॉलेज भेजा गया। वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
देहरादून से हावड़ा के लिए जा रही दून एक्सप्रेस का रेलवे बोर्ड ने मार्ग परिवर्तन कर दिया है। प्रतापगढ़ के रास्ते से यह ट्रेन चलाई जा रही है। इस पर कोलकाता के वैशलाम निवासी रितिक राज चौधरी (65) परिवार के साथ देहरादून से अपने घर जा रहे थे।
रास्ते में सीने में दर्द की वजह से रितिक अचेत हो गए। इसकी जानकारी जब परिजनों ने टीईटी को दी तो प्रतापगढ़ में ट्रेन रोक दी गई, लेकिन यहां डॉक्टर नहीं थे। हालांकि, जानकारी होते ही स्टेशन अधीक्षक ने 108 एंबुलेंस बुलाकर रितिक को मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, वहां चिकित्सकों ने देखते ही उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों के अनुसार यात्री की मौत हार्ट अटैक से हुई है। वहीं, परिजन बिना पोस्टमार्टम कराए ही शव लेकर अपने घर चले गए।
स्टेशन पर उपचार की व्यवस्था है, लेकिन दो जगह चार्ज होने की वजह से शुक्रवार को डॉक्टर नहीं थे। मरीज की हालत गंभीर होने की सूचना पर तत्काल कार्रवाई की गई। मरीज को ट्रेन से उतारकर एंबुलेंस से मेडिकल कॉलेज भेजा गया था।
शमीम अहमद, स्टेशन अधीक्षक प्रतापगढ़