वाराणसी से मिर्जापुर चौहारी रिश्तेदारी में शामिल होने आ रहे पिता-पुत्र ट्रेन हादसे का शिकार हो गए। चलती ट्रेन से उतरने के चक्कर में घायल बेटे की मौत हो गई। पिता की हालत गंभीर बनी हुई है। घटना की जानकारी पर पहुंचे परिजन रोते -बिलखते बेसुध हो गए।
रानीगंज के मिर्जापुर चौहारी के रफी उल्ला के घर शनिवार को आयोजित वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए शुक्रवार को ही वाराणसी जनपद के नाटी इमली बुनकर कॉलोनी के रहने वाले साढ़ू हुजैफा (45) अपने बेटे सोहैल (19) के साथ घर से निकले थे। लखनऊ जा रही इंटरसिटी एक्सप्रेस से दोनों दांदूपुर स्टेशन पहुंचे। ट्रेन रुकने के बाद भी स्टेशन का बदला नाम देख वह चकरा गए। वे ट्रेन में ही बैठे रहे।
जब ट्रेन चल पड़ी तो दूसरे यात्रियों से जानकारी मिलने पर पिता-पुत्र दोनों चलती ट्रेन से उतरने लगे। जल्दबाजी के चक्कर में पिता-पुत्र दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को ट्रामा सेंटर लाया गया। चिकित्सकों ने सोहैल को मृत घोषित कर दिया। जबकि हुजैफा की हालत गंभीर देख मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
सूचना मिलने पर मिर्जापुर से रिश्तेदार संग परिजन भी देर रात ट्रामा सेंटर पहुंचे। मृतक सोहेल की मां हुमा बेटे का शव देखकर रोते बिलखते बेसुध हो गई। पति को लहूलुहान देख बिलखती रही। इधर घटना के बाद मृतक के मौसेरे भाई के घर मातम पसर गया। उसकी शादी की रस्में औपचारिकता के रूप में निभाई गईं। पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव लेकर वाराणसी रवाना हो गए।