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अवैध वर्कशाप सील, ट्रांसफार्मर समेत लाखों के उपकरण मिले

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Millions of equipment including illegal workshop seal, transformer found
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नगर कोतवाली क्षेत्र के सोनावां गांव में चल रहे अवैध वर्कशाप में ट्रांसफार्मर, पोल, इंसुलेटर व तार समेत करोड़ों के उपकरण मिले हैं। पुलिस की सूचना पर बुधवार को जांच करने पहुंची बिजली विभाग की टीम ने वर्कशाप में रखे उपकरणों का मिलान किया। नंबर का मिलान करने के बाद अफसर रिपोर्ट तैयार कर करीब घंटे बाद वर्कशाप से लौटे। बिजली विभाग का दावा है कि वर्कशाप में मिले उपकरण मध्यांचल के हैं। पुलिस प्रशासन ने वर्कशाप को सील कर दिया है।
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नगर कोतवाली के सोनावां गांव में अवैध तरीके से ट्रांसफार्मर बनाने का वर्कशाप संचालित किया जा रहा था। मंगलवार की शाम इसकी भनक मिलने पर सीओ अभय कुमार पांडेय ने छापा मारा। वर्कशाप के संचालक ने पूछताछ में ट्रांसफार्मर नीलामी में खरीदे जाने की बात कही, मगर वह कागजात नहीं दिखा सका। अवैध वर्कशाप की खबर लगते ही विद्युत विभाग के अफसरों में खलबली मच गई।
बुधवार को एक्सईएन चंद्रमा प्रसाद, एसडीओ अजीत यादव, एसडीओ वर्कशाप संदीप कुमार, जेई वर्कशाप शैलेंद्र कुमार सहित बिजली विभाग के अफसरों की टीम जांच करने सोनावां स्थित वर्कशाप पहुंची।
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अफसरों की टीम देख कर्मचारी भाग निकले। मौके पर मिले चौकीदार आजाद ने वर्कशाप का गेट खोला। वर्कशाप का नजारा देख अफसर दंग रह गए। वर्कशाप में लगभग 60 ट्रांसफार्मर मिले। इसके अलावा तार, केबिल, इंसुलेटर, क्लैंप सहित विद्युत उपकरण रखे हुए थे। विद्युत विभाग की टीम ने सभी ट्रांसफार्मरों के नंबर का मिलान किया। केबिल, इंसुलेटर, क्लैंप सहित उपकरण की भी जांच की गई।
विभागीय अफसरों का दावा है कि जितने भी उपकरण व ट्रांसफार्मर मिले है, सभी बाहर के हैं। सभी उपकरण मध्यांचल के होने की पुष्टि हुई है। जांच टीम रिपोर्ट तैयार कर लौट गई। एसडीओ संदीप कुमार ने बताया कि वर्कशाप पर पहुंचकर जांच की गई है, जांच में बाहर के उपकरणों की बात सामने आई है। रिपोर्ट तैयार कर ली गई है।
दूसरे दिन भी पुलिस को नहीं मिले उपकरणों के कागजात
सोनावा में संचालित हो रहे वर्कशाप पर पुलिस के छापे के दौरान संचालक ने पुलिस की पूछताछ मेें कागज देने की बात कही थी। उपकरणों को नीलामी में खरीदने का दावा किया था, मगर दूसरे दिन बुधवार को वह उपकरणों से संबंधित किसी तरह के कागजात पुलिस को नहीं दिखा पाया। पुलिस ने वर्कशाप को सील किया कर दिया है। संचालक के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है।
अफसरों को अवैध वर्कशाप की नहीं लगी भनक
चिलबिला वर्कशाप से थोड़ी ही दूरी पर सोनावां में अवैध वर्कशाप संचालित हो रहा था, मगर इसकी भनक विद्युत विभाग के न तो कर्मचारी को लगी और न ही अधिकारियों को। लंबे समय से वर्कशाप का संचालन हो रहा था। पुलिस के छापे के बाद मामला उजागर होने पर अब अफसरों के होश उड़ गए हैं। इसमें विद्युत विभाग के अफसरों की भूमिका भी संदिग्ध लग रही है।
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