फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना के चलते महंगी हो सकती हैं दवाएं, पूर्वांचल में खत्म हो रहा दवाओं का स्टॉक

विज्ञापन
जिला अस्पताल में कोरोना वायरस से बचाव को मास्क लगाये स्वास्थ्य कर्मी। - फोटो : PRATAPGARH
विज्ञापन
प्रतापगढ़। चीन के साथ दुनिया भर के लिए आफत बने कोरोना वायरस के चलते जल्द ही दवाएं भी महंगी हो सकती हैं। जिले में दवाओं की आपूर्ति करने वाली कंपनियों ने थोक व्यापारियों को स्पष्ट कर दिया है कि उनके पास सिर्फ 20 मार्च तक का स्टॉक है। इसके बीच यदि चीन से साल्ट (कच्चा माल) की आपूर्ति शुरू नहीं हुई तो इसका असर दवाओं की उपलब्धता व कीमत पर पड़ सकता है। शहर के व्यापारी बता रहे हैं कि 10 दिन बाद कुछ दवाएं महंगी या अनुपलब्ध हो सकती हैं।
विज्ञापन

चीन में फैले कोरोना वायरस की वजह से देश में दवाओं की किल्लत होनी शुरू हो गई है। सरकार ने 26 प्रकार की दवाएं जैसे एमोक्सीलीन, संक्रामक बीमारी पर काबू पाने के लिए दवा, खांसी जुकाम और बुखार आदि की दवाओं के कच्चे माल के निर्यात पर प्रतिबंध लगा दिया है। इसके आयात के लिए सरकार से इजाजत लेनी पड़ेगी। जिले में दवाओं की आपूर्ति करने वाली कंपनियों ने थोक व्यापारियों को संकेत दे दिया है कि 20 मार्च तक ही उनके पास स्टाक है। इसके बीच में यदि चीन से कच्चे माल की आपूर्ति शुरू नहीं हुई तो इसका असर दवाओं की उपलब्धता व कीमत पर पड़ सकता है। इसके बाद से होलसेलर दवाओं को डंप करने में जुट गए हैं। ज्यादा दवाएं मंगाई जा रही हैं।
इन दवाओं का हो सकता है संकट
पैरासिटामाल (बुखार), डाइक्लोफेनिक सोडियम, डाइक्लोफेनिक पोटैशियम, आइबूप्रोफेन (दर्द), सिप्रोफ्लाक्सीन (एंटीबॉयोटिक), कैफीन एनहाइड्रस (खांसी), क्लोरोकिन फास्फेट (मलेरिया), टेल्मीसार्टन (उच्च रक्तचाप), मेटफार्मेन (मधुमेह) आदि दवाओं का संकट हो सकता है।
विज्ञापन

गुरुवार को मुख्यमंत्री की वीडियो कांफ्रेंसिंग है। उसमे जाना है। क्या आदेश मिलता है, वहां से लौटने के बाद ही बता सकता हूं। फिलहाल अभी जिले में किसी भी प्रकार की दवा कम नहीं हुई है।
राहुल यादव, ड्रग इंस्पेक्टर
सरकारी अस्पतालों में पहले से ही दवाओं की भरमार है। इतना स्टाक है कि छह माह तक दवाएं नहीं मिलीं तो भी दिक्कत नहीं होगी। इसलिए परेशान होने की जरूरत नहीं है। कोरोना की दहशत जिले में नहीं है। हालांकि सीएम के आदेश पर सतर्कता बरती जा रही है।
विज्ञापन

डॉक्टर एके श्रीवास्तव, सीएमओ।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें