एडीजे एवं विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम पारुल वर्मा ने दो नाबालिग किशोरियों से दुष्कर्म, मारपीट व जान से मारने की धमकी देने के दोषी मानिकपुर निवासी दीपू को 20 वर्ष का कारावास और 50 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड की राशि पीड़िताओं को चिकित्सीय, मानसिक आघात की पूर्ति और पुनर्वास के लिए प्रदान करने का आदेश दिया है। राज्य की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक अशोक कुमार त्रिपाठी ने की।
वादी मुकदमा के अनुसार घटना 20 सितंबर 2015 शाम पांच बजे की है। 13 वर्षीय बेटी परिवार की किशोरी के साथ घर के सामने बाग की तरफ गई थी। लौटते समय रास्ते में धान के खेत में छिपे लोगों ने दोनों के साथ दुष्कर्म किया। शोर सुनकर चाची पहुंची तो आरोपी भाग निकले। पीड़िताओं ने परिजनों को आपबीती सुनाई। परिजन पड़ोसी गांव के आरोपियों के घर गए तो वे फरार हो गए। इसके बाद पीड़ित ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। सुनवाई के बाद न्यायालय ने दो अन्य आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया। न्यायालय ने पीड़िताओं को रानी लक्ष्मीबाई महिला सम्मान कोष से नियमानुसार आर्थिक क्षतिपूर्ति प्रदान करने का आदेश दिया है।