मां बेल्हा देवी धाम प्रतापगढ़ जंक्शन पर 17 जोड़ी ट्रेनों का ठहराव होता है। यहां से रोजाना करीब सात हजार यात्री आवागमन करते हैं। इसके बाद भी स्टेशन पर मूलभूत सुविधाएं नहीं हैं। जंक्शन के किसी प्लेटफॉर्म पर एक यात्री शेड है तो किसी पर वो भी नहीं।
प्रतापगढ़ जंक्शन को अमृत भारत योजना में शामिल किया गया है। बावजूद इसके यात्रियों को शेड के बिना धूप में खड़े होकर ट्रेनें पकड़नी पड़ती हैं। वहीं सर्दी का समय भी शुरू हो गया है। प्लेटफॉर्म नंबर एक से पांच तक यात्री शेड न होने से शाम को गिरती ओस से यात्रियों को खासी दिक्कत होती है।
पिछले एक साल से चल रहे विस्तार कार्य में कार्यदायी संस्था की सुस्ती से शेड का काम लटका है। प्लेटफॉर्म एक व दो पर तो साल भर से निर्माण अधूरा पड़ा है।
बोले यात्री
जंक्शन के एक नंबर प्लेटफॉर्म पर शेड तोड़कर अधिकारियों का कक्ष बनाया जा रहा है। दो और तीन नंबर का भी शेड तोड़ दिया गया है। चार और पांच पर नाम मात्र का छोटा सा शेड है। यात्री शेड न होने से दिक्कत होती है। - शकील अहमद, बेगमवार्ड
मौसम में बदलाव की वजह से रात में सर्दी बढ़ गई है। जंक्शन पर ट्रेन पकड़ने के लिए खुले आसमान के नीचे खड़े होना पड़ता है। ओस की वजह से सर्दी का अहसास होता है। पर्याप्त यात्री शेड रहे तो उसमें खड़े हो सकते हैं। - निर्मला देवी, दिलीपपुर
-
वर्जन
जंक्शन पर विस्तार कार्य चल रहा है इसलिए यात्रियों को थोड़ी परेशानी हो रही है। जल्द ही चार और पांच नंबर प्लेटफॉर्म पर शेड बढ़ाए जाएंगे। इसके लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया है। -जेपी शुक्ल, स्टेशन अधीक्षक
शकील
शकील