स्कूलों का सौंदर्यीकरण करने के लिए कायाकल्प योजना को दोबारा शुरू किया है। इसके तहत जिले के परिषदीय स्कूलों में रंगाई-पुताई, शुद्ध पेयजल, छात्र-छात्राओं के लिए अलग-अलग शौचालयों की व्यवस्था और विद्यालय की मरम्मत व टाइल्स लगाने का काम कराया जाएगा।
जिले के 842 परिषदीय स्कूल आज भी सौंदर्यीकरण से वंचित हैं। 31 मार्च 2024 तक सभी स्कूलों का कायाकल्प कराने की योजना है। पिछले वर्ष चली योजना में अधिकांश स्कूलों की मरम्मत का कार्य हो चुका है। डीपीआरओ आलोक कुमार सिन्हा ने बताया कि सभी ग्राम पंचायतों में स्थित स्कूलों को कायाकल्प योजना के तहत सुविधाओं से लैस किया जाएगा।