धनतेरस पर आभूषणों की खरीदारी के लिए मंगलवार को ग्राहकों की भारी भीड़ बाजार में पहुंची। खासतौर पर महिलाएं व युवतियां एंटिक डिजाइन के बने आभूषण खरीदने को जुटी रहीं। सराफा व्यवसायियों की मानें तो जिले में लगभग चार करोड़ रुपये के गहनों की बिक्री का अनुमान है। ग्राहकों की भीड़ देख सराफा कारोबारियों के चेहरे भी खिले नजर आए।
धनतेरस पर बिकने के लिए जिले के सराफा कारोबारियों ने कोयंबटूर व मुंबई की मशहूर डिजाइन वाली ज्वैलरी मंगाई थी। कोलकाता, मेरठ, चेन्नई की एंटिक डिजाइन की चेन व दूसरे आभूषण ग्राहकों के लिए खासतौर पर मंगाए गए थे। इसके साथ ही चांदी के सिक्के भी खूब बिके। कई दिनों से सराफ अपनी दुकानों पर आभूषणों को सजा रहे थे। दुकानदारों ने आकर्षक एवं नए डिजाइन के आभूषण के लिए गेट पर प्रवेश करते ही फ्रंट रैक बनवाया था। मंगलवार को सुबह से आभूषण की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ लगी रही। ज्ञान ज्वेलर्स के मनीष केसरवानी ने बताया कि लोगों ने एंटिक डिजाइन वाले आभूषणों की खरीद की। सबसे अधिक अंगूठी और चेन की बिक्री हुई। पंजाबी मार्केट स्थित सराफ मुश्ताक ने बताया कि पिछली बार की अपेक्षा इस बार मार्केट मंदा रहने का अनुमान लगाया जा रहा था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। पिछले साल की तरह ही इस बार भी ग्राहक दुकानों पर पहुंचे और अपनी पसंद के जेवरात खरीदे। इस बार नवरात्र में थोड़ा मार्केट मंदा रहा, मगर धनतेरस ने सारी कमी दूर कर दी। शहर के मीराभवन निवासी मोनिका अपनी मां के साथ आभूषण खरीदने पहुंचीं। तमाम आभूषण देखने के बाद उन्होंने नई डिजाइन वाली सोने की चेन पसंद की। स्टेशन रोड की रहने वाली मोहिनी भी अपने परिवार के साथ धनतेरस पर जेवरात खरीदने आई थीं। उसकी मां ने अंगूठी व ब्रेसलेट खरीदा। उन्होंने बताया कि इस बार नए डिजाइन के आभूषण बाजार में उपलब्ध हैं। व्यापार मंडल के जिला महामंत्री राजेंद्र केसरवानी ने बताया कि जिले में धनतेरस पर लगभग 4 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ है। श्यामबिहारी गली में भी आभूषणों की खरीदारी का दौर चलता रहा।