आसपुर देवसरा थाना क्षेत्र के रघईपुर निवासी सरिता की बुधवार शाम संदिग्ध हालत में मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। जबकि डॉक्टर का कहना है कि उसकी मौत फांसी लगाने से हुई है।
रघईपुर निवासी राम प्यारे की बेटी सरिता (19) की बुधवार की शाम अचानक तबियत खराब हो गई। आनन-फानन में परिजन उसे लेकर सीएचसी पट्टी पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हालांकि परिजन उपचार में विलंब करने का आरोप लगाते रहे। सीएचसी अधीक्षक पट्टी डॉ. अखिलेश जायसवाल ने बताया कि सरिता को परिजन मृत अवस्था में लाए थे। गले में निशान बना हुआ है। उसकी मौत फांसी लगाने से हुई है। वहीं मृतका के भाई राहुल ने बताया कि उसकी चाची निशा की दो दिन पहले मौत हो गई थी। इससे सरिता तनाव में थी। उसकी तबियत खराब हुई तो अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई।