सोमवार सुबह से ही सूरज ने आंखें तरेर दीं। रौद्र रूप दिखाया तो रविवार को 40 के आसपास रहा पारा सोमवार को 42 पार पहुंच गया। हवा न चलने के कारण धूप और उमस के गठजोड़ ने ऐसा कहर ढाया कि लोग बेदम हो गए। बाहर निकलने पर धूप शरीर को जलाने पर आमादा थी तो अंदर कूलर-एसी में भी उमस से निजात नहीं मिल पा रही थी।
सोमवार का दिन जून माह का सबसे गर्म दिन रहा। रविवार को अधिकतम 40.0 डिग्री पर रहने वाला पारा सोमवार को बढ़कर 42.2 पर पहुंच गया। सूरज के दहकने से तीखी धूप शरीर को बेध रही थी। बाहर निकलने के बाद ऐसा लग रहा था मानों शरीर झुलस रहा है। भीषण गर्मी और उमस से बेहाल लोग कभी कूलर और एसी का सहारा लेते तो कभी बाहर टहलने लगते। उमस के चलते एसी और कूलर से भी राहत नहीं मिल पा रही थी। लोगों की परेशानी उस समय और बढ़ गई जब दोपहर में बिजली नहीं होने से लोग हाथ का पंखा झलते रहे। हालांकि शाम करीब छह बजे अचानक मौसम ने करवट बदली और तेज आंधी आई, लेकिन इसका असर कुछ ही देर तक रहा। उसके बाद फिर उमस होने लगी।