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बैंकिंग सेवा केंद्र का बोर्ड लगाकर पांच लाख की ठगी

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पट्टी कोतवाली के रामपुर बेला में ठगी की शिकार महिला परिवार के साथ कोतवाली पहुंची। - फोटो : PRATAPGARH
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कोतवाली क्षेत्र के रामपुर बेला गांव में बैंकिग सेवा केंद्र का बोर्ड लगाकर एक व्यक्ति ने गांव के पचास से अधिक लोगों के खाते से पांच लाख से अधिक की रकम पार कर दी और फरार हो गया। पखवारे भर पहले ही उसने यह बैंकिग सेवा केंद्र खोला था। उसकी इस धोखाधड़ी के शिकार रिटायर हेडमास्टर, मकान मालिक समेत ऐसे लोग बने जिनके खाते से मोबाइल नंबर अटैच नहीं था। मंगलवार को पीड़ित दर्जनभर से अधिक लोगों ने कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी।
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क्षेत्र के रामपुर बेला गांव में बीते 15 जनवरी को एक व्यक्ति ने जवाहर जायसवाल का कमरा किराये पर लेकर नेट बैंकिग सेवा केंद्र खोला। ग्रामीण गांव में मिनी बैंक की शाखा समझकर उसके पास किसान सम्मान निधि, छात्रवृत्ति की राशि खाते में पहुंचने के बारे में जानकारी लेने जुटने लगे। इस दौरान बैंक खोलने वाले ने लोगों का आधारकार्ड अटैच कर उनका अंगूठा लगाकर लेनदेन शुरू कर दिया।
पखवारा भर के भीतर ही उसने गांव की शिवांगी चौरसिया के खाते से दस हजार, फतेह बहादुर के खाते से बीस हजार, उद्री प्रसाद के खाते से सोलह हजार, शेष नारायण चौरसिया के खाते से दस हजार, मकान मालिक जवाहर के खाते से सत्रह हजार, रिटायर हेडमास्टर गौरी शंकर के खाते से बीस हजार, प्रेम नारायण की मां के खाते से बीस हजार, अच्छे लाल पुत्र रामबरन के खाते से चार हजार, निर्मला पत्नी अच्छेलाल के खाते से दस हजार, जेठू चौरसिया के खाते से दस हजार समेत लगभग पचास लोगों के खाते से पांच लाख की रकम उड़ा दी।
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अचानक 2 फरवरी से यह सेवा केंद्र बंद हो गया। इस पर लोगों का माथा ठनका। इस बीच कुछ लोगों ने अन्यत्र जब अपने खाते का बैलेंस चेक कराया तो जानकारी हुई कि फ्राड करके उनके खातों से लाखों की रकम उड़ाकर आरोपी फरार हो चुका है। पीड़ितों ने कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी।
पीड़ित नहीं जानते सेवा केंद्र चलाने वाले का नाम-पता
रामपुर बेला गांव में कमरा किराए पर लेकर नेट बैंकिग चलाने वाले युवक का नाम, पता कोई भी नहीं जान सका। यहां तक कि मकान मालिक ने किराए पर कमरा देने के नाम पर आधार कार्ड मांगा तो उसने दो दिन बाद लाकर देने की बात कही। मकान मालिक को भी वह सत्रह हजार का चूना लगा कर चंपत हो गया। ग्रामीणों को केवल युवक का मोबाइल नंबर पता है। वह स्विच आफ है। ग्रामीणों उसकी फोटो लेकर कोतवाली पहुंचे।
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