आदर्श आचार संहिता के दौरान बिना परमिशन जिलाधिकारी का पुतला फूंकने पर अधिवक्ताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। गैंगस्टर की कार्रवाई होने पर संयुक्त अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष के नेतृत्व में सोमवार को जिलाधिकारी का पुतला जलाया गया था। विधानसभा चुनाव के लिए बनाए गए उडन दस्ते के प्रभारी की तहरीर पर पुलिस ने कार्रवाई की है।
तहसीलदार से मारपीट के बाद प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए संयुक्त अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष राव वीरेंद्र सिंह, अधिवक्ता विकास मिश्र, संदीप सिंह व आसिफ अली के खिलाफ गैंगस्टर लगा दिया। इसकी जानकारी होने पर आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद भी बिना अनुमति के अध्यक्ष राव वीरेंद्र सिंह की अगुवाई में अधिवक्ताओं के एक समूह ने सोमवार को तहसील के सामने लखनऊ-वाराणसी हाइवे पर जिलाधिकारी डॉ. आदर्श सिंह का पुतला फूं क दिया।
इसकी जानकारी शाम को तहसील प्रशासन को हुई तो उसके होश उड़ गए। अफसरों को सूचना देते हुए तहसील प्रशासन ने डीएम का पुतला फूंकने की कार्रवाई को आदर्श आचार संहिता के उलंघन का माना और कार्रवाई का मन बना लिया। देर रात विधानसभा चुनाव के लिए बनाए गए उडन दस्ता के प्रभारी रानीगंज कैथौला के पशु चिकित्साधिकारी डॉ. पंकज सिंह ने संयुक्त अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष राव वीरेंद्र सिंह व दस अज्ञात अधिवक्ताओं के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ आदर्श आचार संहिता के उलंघन, हाइवे पर पुतला फूंकने व बलवा के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली। मंगलवार को जानकारी हुई तो वकीलों में हड़मकंप मच गया। कोतवाल ने बताया कि राव वीरेंद्र समेत अज्ञात अधिवक्ताओं के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुतला फूंकने वालों को चिन्हित किया जा रहा है। इसके बाद कार्रवाई की जाएगी।