जिले में पं. दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना के तहत गांवों के मजरों में विद्युतीकरण के नाम पर अनियमितता बरतने वाली आरकेईसी कंपनी के खिलाफ बिजली विभाग ने कार्रवाई करते हुए कोतवाली में तहरीर दी है। गुणवत्ताविहीन और मनमानी ढंग से काम कराने का आरोप कंपनी पर लगाया है। इस मामले में एसी को पहले ही सस्पेंड किया जा चुका है। कई और अफसरों पर भी कार्रवाई हो सकती है। उधर, बिजली विभाग के अंदरखाने में यह भी चर्चा रही कि बड़े अफसर अपनी गर्दन बचाने के लिए अब कंपनी पर कार्रवाई कर रहे हैं।
जनपद में मौजूदा समय में पं. दीनदयाल ग्राम ज्योति योजना के तहत 2085 मजरों में विद्युतीकरण का कार्य चल रहा है। बिजली से वंचित गांव के मजरों को बिजली से रोशन करने का काम तेजी के साथ चलने का विभाग की ओर से लगातार दावा किया जाता है। विद्युतीकरण के लिए शासन स्तर से कई कंपनियों को ठेका मिला है। मगर लंबे समय से चल रहे विद्युतीकरण का कार्य अब तक पूरा नही हो सका है। गत दिनों लखनऊ व वाराणसी से विद्युतीकरण के कार्यों की जांच के लिए टीम आई थी।
जिसमें कंपनियों के द्वारा मानक के विपरीत काम कराने का मामला प्रकाश में आया था। एक्सईएन प्रथम सत्य प्रकाश मिश्रा ने बताया कि जिले के मजरों में विद्युतीकरण के लिए आरकेईसी कंपनी को ठेका दिया गया था। इस कंपनी ने विद्युतीकरण का कार्य मनमाने ढंग से किया है। गुणवत्ताविहीन कार्य के कारण मजरों को रोशन करने में बाधा पैदा हो रही है। अधिकारियों के आदेश व सुझाव को भी न मानते हुए मनमाना कार्य कराया जाता है। बिजली के पोल मानक के अनुरूप नहीं हैं। जिसके चलते कंपनी के खिलाफ कार्रवाई के लिए कोतवाली पुलिस को तहरीर दी गई है।