पट्टी तहसील में स्थित अरैला सीएचसी में बिजली की व्यवस्था नहीं की गई थी। चार साल से कटियामारी कर काम चलाया जा रहा है। इस ओर स्वास्थ्य विभाग के मुखिया के साथ बिजली विभाग के जिम्मेदार अफसरों का भी ध्यान नहीं पड़ रहा था। इस बीच एक व्यक्ति ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से कर दी। उन्होंने सीएमओ को इसकी जांच करने का आदेश दिया है। माना जा रहा है कि इस मामले में सीएचसी अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई भी हो सकती है।
पट्टी तहसील में स्थित अरैला सीएचसी में हर दिन भारी संख्या में मरीज इलाज के लिए आते हैं। ओपीडी के साथ गंभीर मरीजों को भर्ती भी किया जाता है। बावजूद इसके अस्पताल प्रशासन ने बिजली का कनेक्शन नहीं लिया। कटियामारी कर बिजली का इस्तेमाल किया जा रहा था।
इस बीच अरैला निवासी राजू ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से कर दी। मुख्यमंत्री ने इसे संज्ञान में लेते हुए जांच शुरू करवा दी है। शासन की ओर से सीएमओ के पास जांच कराने का जब पत्र आया तो अफसरों में खलबली मच गई। आननफानन में जांच शुरू करवा दी गई। मजेदार बात यह है कि करीब चार वर्ष से अरैला सीएचसी में कटियामारी कर बिजली का उपभाोग किया जा रहा है। बिजली विभाग के अफसरों ने भी कभी इस ओर ध्यान नहीं दिया। अब इस मामले में कार्रवाई भी हो सकती है।
अरैला सीएचसी में विद्युत कनेक्शन लिया गया है या फिर नहीं, इसके बारे में जानकारी नहीं है। सीएम का पत्र मिलने के बाद इसकी जांच कराई जा रही है। विद्युत कनेक्शन नहीं होगा तो जल्द ही कनेक्शन लिया जाएगा। सीएचसी अधीक्षक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
डॉक्टर एसके सिंह, प्रभारी सीएमओ।
मामला संज्ञान में आया है। इसकी जांच कराई जाएगी। नियमानुसार कार्रवाई कर नया कनेक्शन दिया जाएगा।
सत्यप्रकाश, अधिशाषी अभियंता, बिजली विभाग।