मई-2025 में विद्युतीकरण से छूटे 2024 मजरों में 68.97 करोड़ की लागत से घर-आंगन में उजाला करने के उद्देश्य से अन इलेक्ट्रिफाइड हाउस होल्ड योजना शुरू हुई थी। इसके तहत छूटे 14090 उपभोक्ताओं को चिह्नित किया गया। लेकिन, 11 माह में सिर्फ 2618 उपभोक्ताओं को कनेक्शन मिला। इसके चलते योजना को मई-2027 तक के लिए बढ़ा दिया गया है।
वहीं, 5958 उपभोक्ताओं ने बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन किए हैं। कनेक्शन मिलने में देरी से उपभोक्ताओं को भीषण गर्मी में अंधेरे में रहना पड़ रहा है। विद्युतीकरण से छूटे 5514 उपभोक्ताओं ने अभी तक कनेक्शन के लिए आवेदन नहीं किया है।
विद्युत निगम के अफसरों के अनुसार, योजना के लक्ष्य को पूरा करने के लिए कार्यदायी संस्था विश्व समुद्रा को एक साल का अतिरिक्त समय दिया गया है। इस योजना के तहत 793 किमी एचटी लाइन का जाल बिछाना है। नौ सौ से ज्यादा ट्रांसफॉर्मर लगाए जाने हैं ताकि जल्द से लोगों तक बिजली पहुंचाई जा सके।
वर्जन
अन इलेक्ट्रिफाइड योजना के तहत 691 मजरों में विद्युतीकरण किया गया है। योजना के तहत 2618 उपभोक्ताओं ने कनेक्शन लिया है। आवेदन कर सर्विस चार्ज का 5,455 रुपये शुल्क जमा नहीं करने वाले उपभोक्ताओं को बिजली कनेक्शन नहीं दिया गया है। 100 रुपये देकर लोगों ने आवेदन किया था, सर्विस चार्ज जमा करते ही उन्हें कनेक्शन दे दिया जाएगा। - छैल बिहारी, अधीक्षण अभियंता, प्रतापगढ़।
यह थी योजना
अन इलेक्ट्रिफाइड योजना के तहत जिले के मजरों में छूटे हुए उपभोक्ताओं के घर बिजली पहुंचाई जानी थी। बीते साल मई मेंं कार्यदायी संस्था के कर्मियों ने गांव-गांव सर्वे किया। 14 हजार उपभोक्ताओं को चिह्नित किया। लेकिन, पांच हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने कनेक्शन नहीं लिया।
इनसेट:-
आंकड़ों की नजर से
- अविद्युतीकृत चयनित मजरे-2024
- एलटी लाइन का निर्माण-793 किमी
- लगने वाले ट्रांसफॉर्मर की संख्या-917
- अविद्युतीकृत घरों की संख्या-5514
- बिजली कनेक्शन लेने वाले उपभोक्ता-2618
-आवेदन करने वाले उपभोक्ता-5958
-11 केवी लाइन का निर्माण-197 किमी
नोट:-विद्युत निगम से प्राप्त आंकड़े