शासन ने कुछ दिनों पहले पेट्रोल पंपों पर उन्हीं बाइक सवारों को पेट्रोल देने का आदेश दिया था जो हेलमेट लगाकर पहुंचेंगे। लेकिन इस आदेश का कहीं पालन नहीं हो रहा है। उद्देश्य था कि इससे हेलमेट को लेकर लोगों में जागरूकता आएगी, मगर इसका कोई असर नहीं दिख रहा है। लोग बिना हेलमेट के धड़ल्ले से बाइक लेकर पेट्रोलपंपों पर पहुंच रहे हैं और पंपकर्मी उन्हें पेट्रोल भी आसानी से दे दे रहे हैं।
सड़क हादसे में लगातार हो रहीं मौतों की संख्या को देखते हुए शासन ने बाइक चलाने वालों के साथ ही पीछे बैठने वाले लोगों के लिए भी हेलमेट अनिवार्य कर दिया है। इससे हेलमेट लगाकर चलने वाले लोग सड़क हादसे में घायल जरूर होंगे, मगर हेड इंजरी से बच जाएंगे और उनकी जान भी आसानी से बचाई जा सकेगी। इसके बाद भी बेल्हा के लोग हेलमेट लगाना पंसद नहीं कर रहे हैं। शासन ने कुछ माह पेट्रोंलपंप संचालकों को आदेश दिया था कि वे उन्हीं लोगाें को पेट्रोल देंगे जो हेलमेट लगाकर टंकी पर पहुंचेंगे। मगर शासन का यह आदेश पेट्रोलपंप संचालक मानने को तैयार नहीें हैं। बेल्हा में यह आदेश हवाहवाई साबित हो रहा है।
किसी भी पेट्रोल टंकी पर बाइक चालक बगैर हेलमेट पेट्रोल लेकर सड़क पर फर्राटा भर रहे हैं। उधर, टीआई ने अभियान चलाकर बगैर हेलमेट चलने वाले बाइक चालकों का चालान करना शुरू कर दिया है। शुक्रवार को बगैर हेलमेट चलने वाले डेढ़ सौ लोगों का चालान किया गया। शनिवार से पेट्रोल टंकी के पास चेकिंग लगाकर बगैर हेलमेट पेट्रोल लेने वाले बाइक चालकों का चालान करने की बात टीआई कह रहे हैं। टीआई संतोष ने बताया कि जुर्माना वसूला जाएगा। विद्यालय और पेट्रोल टंकी के साथ ही अस्पताल के पास चेकिंग लगाई जाएगी।