हफ्ते भर पूर्व हरियाणा से कमाकर आए युवक की शनिवार रात गला काटकर हत्या कर दी गई। बगल में सो रही पत्नी, बच्चे और उसकी भयाहू को इसकी भनक तक नहीं लग सकी। घटना के कुछ देर बाद पत्नी की आंख खुली तो उसने शोर मचाया। मौके पर पहुंचे गांव के लोगों ने इसकी सूचना हथिगवां थाने में दी।
हथिगवां थाना क्षेत्र के मंठन जहानाबाद गांव निवासी अजय प्रताप सिंह (35) पुत्र धर्मपाल सिंह हरियाणा में ईंट भट्ठे पर काम करता था। उसके पांच भाई हैं। यहां घर पर उसकी पत्नी गुड्डी देवी दो बच्चों आशीष और कृष्णा के साथ रहती है। अजय पिछले शनिवार को ही घर पहुंचा था। रोज की तरह परिवार के लोगों के साथ वह शनिवार रात घर के बाहर चारपाई बिछाकर सो रहा था। पास उसका तीन साल का बेटा कृष्णा भी सो रहा था। बगल की चारपाई पर उसकी पत्नी भी सो रही थी। जबकि थोड़ी दूरी पर उसकी भयाहू अंजना सोई हुई थी। रात करीब साढ़े नौ बजे उसकी पत्नी गुड्डी की आंख खुली तो उसे कुछ अजीब सा लगा। वह चारपाई से उठी तो उसे हल्की रोशनी में चारपाई पर कुछ गिरा दिखा।
चिमनी जलाई तो उसकी चीख निकल गई। उसके पति का गला किसी ने पूरी तरह से काट दिया था। शोर मचाने पर गांव के लोग जुट गए। सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची। रात 11 बजे तक उसका भाई झब्बर भी पहुंच गया। सूचना पर रात में ही पहुंची पुलिस ने लोगों से घटना के बारे में जानकारी ली। लोग समझ ही नहीं पा रहे थे कि रात नौ बजे के करीब ही किसने इतनी बड़ी वारदात को अंजाम दे दिया। हत्या में किस हथियार का इस्तेमाल हुआ है यह स्पष्ट नहीं है। अजय की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया है। सुबह पत्नी की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया।
बगल में ही लेटी अजय की पत्नी को हत्या की भनक न लगना पुलिस के संदेह के दायरे में है। यही नहीं गांव में उसके पति के साथ हो रहे विवाद की खबरें चर्चा में हैं, लेकिन उसने बातचीत में पति से किसी भी प्रकार के विवाद की बात से इनकार किया है। गौर करने वाली बात यह है कि पत्नी के बगल में ही आरी जैसे किसी हथियार से अजय का गला रेता गया। ऐसे में किसी को इसकी जानकारी न होना सवाल खड़े कर रहा है। थोड़ी बहुत तो हलचल हुई होगी। बावजूद इसके किसी की जानकारी न होना आश्चर्य की बात है। पुलिस इन बिंदुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।