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एसपी आवास घेरने के लिए निकली महिलाएं, तकरार

Mon, 11 Dec 2017 12:10 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
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अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़ - फोटो : pratapgarah
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भंगवाचुंगी पुलिस चौकी से चंद कदम दूर जुए के विवाद को लेकर दबंगों की पिटाई, तोडफ़ोड़ व फायरिंग के मामले को कोतवाली पुलिस रफादफा करने में जुट गई है। कार्रवाई न होने से आक्रोशित महिलाएं रविवार को अपना दुखड़ा सुनाने के लिए पुलिस अधीक्षक आवास जा रही थीं। जिन्हे पुलिस ने गेट पर रोक लिया। वहां पहुंचे नगर कोतवाल से महिलाओं की जमकर तकरार हुई। हालांकि बाद में पुलिस अधिकारियों के आश्वासन पर महिलाएं लौट गईं।
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नगर कोतवाली के खुशखुशवापुर में शनिवार को जुआ खेलने के विवाद में बाइक सवार दबंगों ने खुशखुशवापुर मोहल्ले में जमकर तांडव मचाया था। सामने मिलने वालों की पिटाई के साथ ही नीलम के ब्यूटी पार्लर व अन्य दुकानों में तोडफ़ोड़ की गई थी। इस घटना से मोहल्ले के लोग सहम गए थे। पुलिस फायरिंग व तोडफ़ोड़ से इंकार करती रही लेकिन बाद में जब मोहल्ले के लोगों ने सड़क के किनारे कारतूस का खोखा दिखाया तो पुलिस फायरिंग की बात मानने को विवश हो गई। रात में ही घायल संतलाल पटेल समेत अन्य लोगों का मेडिकल कराया गया। पुलिस को हमलावरों का नाम बताया जा रहा था लेकिन पुलिस दबिश देने से कन्नी काटने लगी। चूंकि हमलावर प्रभावशाली लोगों में शुमार किए जाते हैं। दूसरे दिन भी पुलिस ने किसी पक्ष का मुकदमा दर्ज नहीं किया। बताया गया कि संतलाल की ओर तहरीर दी गई है तो दूसरे पक्ष हरिओम तिवारी की ओर से भी पुलिस को शिकायती पत्र दे दिया गया है। पुलिस मामले को रफा-दफा करने के प्रयास में है। पुलिस की कार्रवाई से आक्रोशित ब्यूटी पार्लर संचालिका नीलम समेत बड़ी संख्या में महिलाएं पुलिस अधीक्षक आवास का घेराव करने पहुंचीं। हालांकि सभी को गेट पर ही पुलिस ने रोक लिया। मौके पर पहुंचे शहर कोतवाल से महिलाओं की तीखी झड़प हुई। बाद में पुलिस अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई होगी। तब जाकर महिलाएं लौटीं।
नौकरी पर धब्बा मत लगाएं इंस्पेक्टर साहब ः पुलिस लाइन गेट पर शहर कोतवाल से कार्रवाई की मांग को लेकर भिड़ीं महिलाओं ने इंस्पेक्टर को सत्ता पक्ष के इशारे पर इस कदर काम न करने का सुझाव दिया। प्रत्यक्षदशयों की मानें तो महिलाओं ने कहा कि इंस्पेक्टर साहब अपने नौकरी पर धब्बा मत लगाइए। जुल्म करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करें। अन्यथा अंजाम भुगतने के लिए भी पुलिस प्रशासन को तैयार रहना होगा।
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