बुधवार को संपन्न हुए चौथे चरण के मतदान में भी हिंसा और आगजनी का दौर जारी रहा। बाबागंज ब्लाक के आमीपुर में फर्जी वोटिंग से गुस्साए ग्रामीणों ने मतपेटिकाएं लूट लीं। मतपत्र फाड़ डाला और पेटिका तोड़कर उसमें पानी डाला और खेत में फेंक फरार हो गए। घटना की जानकारी होने पर मयफोर्स मौके पर पहुंचे जोनल मजिस्ट्रेट एडीएम पुनीत शुक्ला ने खेत में पड़ी मतपेटिकाआें को बरामद किया। चुनाव रद्द होने के बाद एडीएम पोलिंग पार्टी को वहां से सकुशल लेकर चले आए।
आमीपुर बूथ पर सुबह से ही दोनों प्रत्याशी गुटों में तनातनी का माहौल चल रहा था। बुधवार को सुबह घंटे भर बाद ग्रामीणों आरोप लगाने लगे कि एक प्रत्याशी की तरफ से फर्जी वोट डाले जा रहे हैं। दूसरे प्रत्याशी पक्ष ने इसका विरोध किया, मगर बात अनसुनी कर दी गई। इससे मामला बढ़ गया। आरोप है कि सैकड़ाें की संख्या में गुस्साए ग्रामीण आमीपुर बूथ पर पहुंचकर बवाल करते हुए अंदर घुस गए और वहां पर एक बूथ पर रखीं दो मतपेटिकाएं लूटकर फरार हो गए। कुछ दूर जाकर मतपेटियां तोड़ डालीं और उसमें पानी डाल दिया।
इससे हंगामा मच गया। बवाल होता देख वोट डालने आए मतदाता सहम गए और भागना शुरू कर दिए। सूचना मिलने पर करीब एक घंटा बाद मौके पर पहुुंचे एडीएम पुनीत शुक्ला ने खेत में पड़ी मतपेटिकाएं बरामद कीं। उन्होंने इसकी सूचना डीएम को दी। एडीएम चुनाव कैंसिल कराकर बरामद मतपेटिका को ट्रक में लदवाकर चले गए। अधिकारियों के आने की सूचना मिलने पर ग्रामीणों के साथ प्रत्याशी भी बूथ पर आ गए और एडीएम को घेरकर एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने लगे। ग्रामीणों का आरोप था कि कर्मचारियों की मिलीभगत से फर्जी वोटिंग कराई जा रही थी। एडीएम पुनीत शुक्ला ने बताया कि आमीपुर बूथ पर पुनर्मतदान कराया जाएगा।