ग्रामीणों की शिकायत पर उपजिलाधिकारी सदर जेपी मिश्रा ने सदर विधायक के गांव के कोटेदार को रंगे हाथ धर दबोचा। वह 12 बोरी गेहूं कालाबाजारी के लिए ले जा रहा था। छानबीन के बाद एसडीएम ने कहा कि कोटेदार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराकर कोटा निलंबन की कार्रवाई होगी। मौके से कोटेदार भाग निकला।
सदर तहसील का पूरे अंती गांव सदर विधायक नागेंद्र सिंह यादव मुन्ना का गांव है। उनके गांव का कोटेदार सुरेश यादव है। उसके पास सरायमहिमा का भी कोटा अटैच है। रविवार को कोटेदार सुरेश यादव पिकअप पर 12 बोरी गेहूं लादकर बिहारगंज की ओर जा रहा था। इस बीच ग्रामीणों ने एसडीएम से कोटेदार द्वारा कालाबाजारी के लिए ले जाए जा रहे खाद्यान्न को लेकर शिकायत दर्ज कराई। खबर मिलने पर एसडीएम जेपी मिश्र ने बिहारगंज में खाद्यान्न लदे वाहन को रोक लिया।
पूछताछ के दौरान कोटेदार ने बताया कि खाद्यान्न सरायमहिमा गांव में वितरित करने के लिए ले जाया जा रहा था। इस दौरान एसडीएम ने उठान और वितरण का समय पूछा तो वह सकपका गया और वहां से भाग निकला। इसके बाद एसडीएम ने उसकी दुकान से वितरण व स्टाक रजिस्टर अपने कब्जे में ले लिया। एसडीएम ने बताया कि छानबीन में कोटेदार द्वारा कालाबाजारी के लिए खाद्यान्न ले जाने की बात सामने आ रही है। ऐसे में उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी और कोटा भी सस्पेंड होगा। विभागीय अधिकारियों को जांच के लिए लगाया गया है।