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पुरानी रंजिश में हुई थी कंप्यूटर केंद्र संचालक की हत्या

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प्रतापगढ़ - फोटो : प्रतापगढ़
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 पुराने विवाद को लेकर कंप्यूटर केंद्र संचालक की गोली मारकर हत्या की गई थी। हत्या का मुख्य आरोपी पुलिस के हाथ नहीं लगा। घटना के दौरान उसके साथ मौजूद साथी को पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त पिस्टल के साथ दबोच लिया।
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कंधई थाना क्षेत्र के बिबियाकरनपुर में 12 दिसंबर को अतुल शुक्ला की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना से आक्रोशित लोगों ने चिलबिला-पट्टी मार्ग पर जाम लगाकर विरोध जताया था। 13 दिन बाद कंधई पुलिस ने खुलासा करते हुए एक आरोपी को घनापुर जंगल से दबोचने का दावा किया है। पुलिस अधीक्षक एस आनंद ने बताया कि कंधई थानाध्यक्ष हत्यारोपियों की तलाश में निकले थे।

पता चला कि हत्या में शामिल मकसूद अहमद पुत्र महमूद अली निवासी बुढ़ौरा कुंभापुर थाना रानीगंज पूरे घना जंगल के करीब भागने की फिराक में है। पुलिस ने घेराबंदी करते हुए मकसूद को दबोच लिया। उसके पास से पिस्टल भी बरामद हुई। पूछताछ में मकसूद ने बताया कि 28 जनवरी 2018 को क्रिकेट खेलने को लेकर इसरत और अतुल शुक्ला के बीच विवाद हुआ था। छेड़खानी के कई मामलों में अतुल शुक्ला ने इसरत व उसके साथियों का विरोध किया था। जिससे उनके बीच रंजिश बढ़ गई थी।
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इसरत पुत्र कमर अली के बुलाने पर 12 दिसंबर को बिबियाकरनपुर में मोहम्मद जौवाद व चार साथी पहुंचे थे। तीन बाइक से अतुल शुक्ला के घर के करीब पहुंचे। मौका मिलते ही उसे गोली मार दी। लोगों से बचने के लिए हवाई फायरिंग करते हुए भाग निकले। मुख्य आरोपी इसरत की तलाश की जा रही है। जिस पिस्टल से अतुल को गोली मारी गई थी, उसे बरामद कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की सरगर्मी से तलाश की जा रही है।
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