बेल्हा में ढाई साल के भीतर 154 लोगों की हत्या कर दी गई। बेखौफ लुटेरे और चोरों के आगे भी पुलिस पूरी तरह से नतमस्तक होती नजर आई। इस अवधि के भीतर जहां 122 घटनाएं लूट की हुईं। वहीं चोरी की 664 और बाइक चोरी की 307 वारदातों को अंजाम दिया गया। जनपद की कानून व्यवस्था सुधरने का नाम नहीं ले रही है। आए दिन जमीन व रंजिश के साथ ही छोटे मामलों को लेकर लहू बहाया जा रहा है। कानून के रखवालों के तमाम प्रयास नाकाफी साबित हो रहे हैं।
अधिकारियों का आदेश थानों की रद्दी की टोकरी में डाला जा रहा है। जिसके चलते हत्या से लेकर संगीन अपराधों में लगातार वृद्धि होती आ रही है। बेखौफ अपराधी थानों में घुसकर हत्या करने से भी नहीं चूक रहे हैं। मानिकपुर थाने पर अंधाधुंध फायरिंग करने के साथ ही संतरी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हाल ही में जेठवारा, मानधाता, लालगंज में हत्याएं होती रहीं। खास बात यह है कि वर्ष 2016 के आगाज से ही लोगों को खून बहने लगा। पांच महीने के भीतर जनपद में अब तक हत्या के 26, डकैती के 3, लूट के 31, नकबजनी के 59, वाहन चोरी के 156, जानलेवा हमले के 9 दुष्कर्म के 30 मुकदमे थानों में दर्ज किए जा चुके हैं।
हत्या में लालगंज तो बाइक चोरी में नगर कोतवाली अव्वल
जनवरी से लेकर मई माह के भीतर लालगंज में पांच हत्याएं हो चुकी हैं। नगर कोतवाली में चार मर्डर हुए हैं। इसके अलावा नगर कोतवाली में ही 71 वाहन चोरी के मामले दर्ज हैं। लूट के मामले में सांगीपुर में सबसे अधिक पांच और नगर कोतवाली में चार केस दर्ज हुए हैं। इससे इतर कोहड़ौर, फतनपुर, महेशगंज, सांगीपुर और उदयपुर में अभी तक हत्या की एक भी घटना नहीं हुई।
अपराध कम करने के लिए केस दर्ज करने में होती है हीलाहवाली
शासन को हर माह अपराध समीक्षा रिपोर्ट भेजी जाती है। जिसमें तीन वर्ष के अपराधों की तुलना अधिकारी करते हैं। आंकड़ों की बाजीगरी को सही करने के लिए केस दर्ज करने में सभी थानों की पुलिस हीलाहवाली करती है। अधिकारियों के बार- बार आदेश के बाद भी मुकदमा दर्ज करने से थानेदार भागते रहते हैं। ताकि उनके क्षेत्र में अपराध की कमी आंकड़ों में दर्शायी जा सके। मानधाता, जेठवारा, रानीगंज, फतनपुर, नगर कोतवाली, लालगंज, सांगीपुर , उदयपुर थाने में बाइक चोरी के साथ ही दूसरी चोरी की घटनाएं दर्ज करने से पुलिस बचती रहती है। जब आला अधिकारियों का डंडा चलता है या फिर सत्तादल के नेताओं का दबाव पड़ता है, तब जाकर मुकदमा दर्ज किया जाता है।