डीएम डा. रुपेश कुमार ने कहा है कि प्राइवेट और सरकारी अस्पतालों में आपरेशन के पहले कोरोना वायरस की जांच आवश्यक है। उन्होंने कहा है कि जिला अस्पताल में कोरोना परीक्षण के लिए ट्रू-नाट मशीन उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि बगैर कोरोना जांच के आपरेशन होता है तो डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
शुक्रवार को डीएम कैंप कार्यालय पर टीम इलेवन की हुई बैठक को संबोधित करते हुए डीएम ने कहा कि जिले में हॉटस्पॉट की संख्या में तेजी से कमी आई है। जिले में पहले 42 हॉटस्पॉट थे। वर्तमान में घटकर 15 रह गए हैं। कुंडा के मझिलगांव और उमरी बुजुर्ग मेें शुक्रवार को दो नए मरीज मिलने पर दोनों गांवों को सील करने को कहा है।
सीएमओ ने बताया कि वर्तमान में जिले में 12 मरीज हैं। डीएम ने सीएमओ से कहा है कि अगर डॉक्टर और पैरामेडिकल स्टाफ में कोरोना संक्रमित होने का कोई भी लक्षण प्रकट होता है तो तुरंत जांच कराएं। सीएमओ को निर्देशित किया है जिला अस्पताल में आने वाले सभी मरीजों का नाम, पता, बीमारी का लक्षण अवश्य लिखा जाए।
उपकृषि निदेशक डा. रघुनाथ सिंह ने बताया कि टिड्डी दल कौशांबी जिले में है, इसलिए जिले में भी कूच कर सकते हैं। डीएम ने सतर्क करते हुए दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा है। बैठक में एसडीएम सदर मोहनलाल गुप्ता, सूचना अधिकारी विजय कुमार शुक्ल प्रमुख रूप से मौजूद रहे।