शहर के अंबेडकर चौराहा स्थित संत अंथोनी इंटरकालेज कोविड अस्पताल के लिए पूरी तरह तैयार हो गया है। डीएम डा. रुपेश कुमार ने शुक्रवार को निरीक्षण करके तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने कालेज में लगे पंखों को चलवाकर अपने सामने देखा और सीएमओ से साफ कहा कि अगर मरीजों की संख्या बढ़ती है, तो इसी अस्पताल में शिफ्ट किया जाय।
जिले में दो नए कोविड अस्पताल के निर्माण की दिशा में स्वास्थ्य विभाग ने शहर के संत अंथोनी इंटरकालेज को पूरी तरह तैयार कर लिया है। डीएम डा. रुपेश कुमार कोविड अस्पताल की तैयारियों को देखने स्वयं अंथोनी कालेज पहुंच गए। हालांकि कालेज के कक्षों में बेड लगे हुए थे। डीएम ने दीवालों को साफ करने और फर्स की सफाई करने का निर्देश देते हुए सीएमओ से कहा कि अगर मरीजों की संख्या बढ़ती है, तो इसी अस्पताल में मरीजों को भर्ती किया जाय। हालांकि शहर से 12 किमी दूर रुमा नर्सिंग कालेज को भी अस्पताल के लिए चुना गया है। मगर अभी उसे अंतिम रूप नहीं दिया जा रहा है।
नौढ़ियाखास और पीतांबर को किया गया सील
जिले के रामपुर संग्रामगढ़ के नौढ़ियाखास और अंतू के पूरे पीतांबर (गोबरी) में एक बुजुर्ग के कोरोना पीड़ित मिलने पर जिला प्रशासन ने 21 दिनों के लिए गांवों को सील दिया गया। गांव में सब्जी, फल, दूध, किराना सामानों के लिए होम डिलेवरी की सेवा प्रारंभ कर दी गई है। डीएम ने दोनों हॉटस्पॉट इलाकों के लिए मजिस्ट्रेटों की तैनाती कर दी है।
महामारी के बचाव और राहत कार्य के लिए करें आनलाइन आवेदन
डीएम डा. रुपेश कुमार ने जिले के स्वयं सेवकों से महामारी के बचाव और राहत कार्य के लिए आनलाइन रजिस्ट्रेशन कराने को कहा है। उन्होंने कहा कि एनएसएस, एनवाईके, युवक मंगलदल, महिला मंगल दल, रेड क्रास और अन्य स्वयं सेवक कोरोना महामारी से आम लोगों के बचाव और राहत कार्य करना चाहते हैं, तो वह आनलाइन रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिदिन तीन से चार घंटे सेवा कार्य करना होगा। इसके एवज में कोई मानदेय नहीं दिया जाएगा, बल्कि तीन माह का कार्यकाल पूरा होने पर प्रमाणपत्र दिया जाएगा।