शहर के जीजीआईसी में छह वर्ष बाद यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया जाएगा।
यूपी बोर्ड ने शहर के पांच कॉलेजों को मूल्यांकन केंद्र बनाने पर अपनी मुहर लगा दी है। 18 मार्च से प्रारंभ होने वाले मूल्यांकन के पहले दिन परीक्षकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। यूपी बोर्ड ने जिले को 6.50 लाख कॉपियों का मूल्यांकन कराने का लक्ष्य दिया है
शहर के जीजीआईसी, जीआईसी, लोक मान्य तिलक इंटरकॉलेज, केपी इंटरकालेज और पीबी इंटरकालेज सिटी को मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। पूर्व के वर्षो में जीजीआईसी को छोड़कर चार मूल्यांकन केंद्र बनाए जाते थे। मगर छह वर्ष बाद एक बार फिर जीजीआईसी को मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है।
इस वर्ष हाईस्कूल के उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन का कार्य सप्ताह भर में ही समाप्त होने की संभावना है। ऐसा इसलिए होगा कि अभी तक परीक्षकों को 70 अंकों की कॉपियां जांचनी होती थी, मगर इस वर्ष सिर्फ 50 अंकों की ही कॉपियां जांचनी होंगी। ऐसा पहली बार हुआ है कि 20 अंकों की परीक्षा ओएमआर सीट पर हुई है। जिसका मूल्यांकन कंप्यूटर से किया जा रहा है। इस मूल्यांकन कार्य की आनलाइन निगरानी की जाएगी।
Iजिले में पांच कॉलेजों को मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। 18 मार्च से प्रारंभ होने वाले मूल्यांकन के पहले परीक्षकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। पांचों केंद्रों पर एक -एक अधिकारी नामित किया जाएगा। जिसकी देखरेख में कॉपियों का मूल्यांकन होगा।
डॉ. ओपी राय, जिला विद्यालय निरीक्षकI