मानिकपुर थाना क्षेत्र के कुसाहिलडीह गांव में मंगलवार सुबह जमीन के विवाद को लेकर चचेरे भाई ने अधिवक्ता उमेश कुमार मिश्र (45) को गोली मार दी। पीठ में गोली लगने के कारण वह गिर गए। फायरिंग की आवाज सुनकर परिजनों के दौड़ने पर हमलावर भाग निकला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल अधिवक्ता को स्थानीय अस्पताल पहुंचाया, जहां उनकी हालत गंभीर देखकर डॉक्टरों ने प्रयागराज रेफर कर दिया।
मानिकपुर थाना क्षेत्र के कुसाहिलडीह गांव निवासी उमेश कुमार मिश्र (45) पुत्र छोटेलाल अधिवक्ता हैं। वह कुंडा तहसील में वकालत करते हैं। मंगलवार की सुबह वह घर के सामने सफाई कर रहे थे। इस दौरान उनके चाचा प्यारेलाल का बेटा अजय कुमार उनके पास पहुंचा और तमंचा निकालकर उन पर फायर झोंक दिया।
पीठ में गोली लगने ही वह जमीन पर गिर पड़े। फायर की आवाज सुनकर पास में ही काम कर रहे अधिवक्ता के भाई विजय कुमार दौड़े। इस दौरान हमलावर फरार हो गया। सूचना पर एंबुलेंस और पुलिस मौके पर पहुंची और अधिवक्ता को कुंडा सीएचसी में लाकर भर्ती कराया। चिकित्सकों ने हालत गंभीर देखकर प्राथमिक उपचार के बाद प्रयागराज रेफर कर दिया।
साथी पर हमले से भड़के वकील, तहसील में तालाबंदी
मानिकपुर थाना क्षेत्र के कुसाहिलडीह गांव में साथी को गोली मारे जाने की खबर मिलने के बाद कुंडा तहसील के अधिवक्ता भड़क गए। आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर उन्होंने तहसील में जमकर हंगामा किया। इस दौरान सभी कार्यालयों में तालाबंदी करा दी। वकीलों का आक्रोश देखते हुए एसडीएम ने 24 घंटे के भीतर आरोपी की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया है।
मानिकपुर थाना क्षेत्र के कुसाहिलडीह गांव निवासी अधिवक्ता उमेश कुमार मिश्र पुत्र छोटेलाल को गोली मारने की सूचना तहसील पहुंची तो साथी अधिवक्ताओं में आक्रोश फैल गया। तहसील में अधिवक्ताओं ने कामकाज बंद कर नारेबाजी करनी शुरू कर दी। थोड़ी ही देर में आक्रोशित अधिवक्ताओं ने कार्यालयों में तालाबंदी कर दी। इसके साथ ही एसडीएम का घेराव करते हुए प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं का कहना था कि पुलिस आरोपी को जब तक गिरफ्तार नहीं करती है तब तक तहसील में तालाबंदी रहेगी। इस पर एसडीएम जलराजन चौधरी ने 24 घंटे में हमलावर की गिरफ्तारी कराए जाने का आश्वासन दिया।