नई दिल्ली से पुरी जा रही नीलांचल एक्सप्रेस मंगलवार की रात पौने नौ बजे बड़े हादसे का शिकार होने से बच गई। तेज रफ्तार में जा रही ट्रेन लखनऊ-वाराणसी रेलखंड पर चिलबिला स्टेशन के पहले गोंड़े गांव के पास ट्रक से टकरा गई। इससे ट्रेन की 21 बोगियां क्षतिग्रस्त हो गईं। बोगियों के पावदान टूटकर अलग हो गए। इंजन का शीशा टूट गया।
ट्रेन की चपेट में आने से ट्रक का पिछला हिस्सा भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना के बाद यात्री दहशत में चिल्लाने लगे। मौके पर पहुंची आरपीएफ ने ट्रक को कब्जे में ले लिया। अंतिम सूचना मिलने तक प्रतापगढ़ जंक्शन पर नीलांचल एक्सप्रेस की बोगियों की मरम्मत की जा रही थी। घटना के चलते लखनऊ-वाराणसी और प्रतापगढ़-फैजाबाद रेलमार्ग बाधित हो गया। कई ट्रेनें भी प्रभावित हुईं।
नीलांचल एक्सप्रेस मंगलवार की रात लगभग पौने नौ बजे चिलबिला स्टेशन के पहले गोंड़े गांव के करीब पहुंची। उस समय रेलवे लाइन के किनारे सड़क पर एक चालक ट्रक बैक कर रहा था। ढलान के कारण ट्रक का पिछला हिस्सा रेलवे लाइन पर आ गया। इससे नीलांचल एक्सप्रेस उससे जा भिड़ी। हादसे में ट्रक के पिछले हिस्से के परखचे उड़ गए। इसमें ट्रेन के 21 डिब्बों के पावदान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। कई पहियों की स्प्रिंग भी रगड़ खाकर चटक गई थी। घटनास्थल से करीब तीन किमी दूर चिलबिला स्टेशन पर आकर ट्रेन रुकी। सूचना पर पुलिस के साथ ही जीआरपी और आरपीएफ मौके पर पहुंची।
घटना के बाद ट्रक छोड़कर चालक भाग गया। प्रभारी नगर कोतवाल ने ट्रक पर लिखे नंबर से मालिक को सूचना दी। सीओ सिटी रमेशचंद्र भी मौके पर पहुंचे। करीब एक घंटे के बाद ट्रेन को प्रतापगढ़ जंक्शन लाया गया। जहां रेलकर्मी क्षतिग्रस्त बोगियों का निरीक्षण करने के बाद मरम्मत करने में जुट गए। खबर लिखे जाने तक आरपीएफ और कोतवाली पुलिस क्षतिग्रस्त ट्रक को हटाने में जुटी थीं। नीलांचल को प्रतापगढ़ स्टेशन पर रोककर मरम्मत की जा रही थी।