रायबरेली से बनने वाले फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने वालों के गिरोह में आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष का बेटा वैभव उपाध्याय भी शामिल था। इस बात की जानकारी मिलने पर शहर में खासी चर्चा है। आप जिलाध्यक्ष बेटे को फर्जी तरीके से फंसाने का आरोप लगाया है।
शहर के सदर बाजार निवासी दिनेश उपाध्याय आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष हैं। उनके बेटे वैभव उपाध्याय को रायबरेली की सलोन व यूपी एटीएस ने वैभव को तीन दिन पहले हिरासत में ले लिया था। आरोप है कि रायबरेली में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने के गिरोह में वैभव भी शामिल था। सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए रुपये लेकर फर्जी जन्म प्रमाण पत्र व आधार कार्ड बनवाता था। इसके लिए शहर के कई साइबर केंद्र व जन सेवा केंद्र संचालकों के संपर्क में रहता था। हालांकि अभी वैभव स्नातक की पढ़ाई कर रहा है। घर में ही वह कंप्यूटर पर काम भी करता था। दो भाइयों में छोटे वैभव के खिलाफ कार्रवाई के बाद मोहल्ले में सन्नाटा है।
जनसेवा केंद्र संचालकों पर भी कसेगा शिकंजा
रायबरेली में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने के मामले में यूपी एसटीएस व सलोन पुलिस की जांच का दायरा शहर व ग्रामीण अंचलों के जनसेवा केंद्र के संचालकों तक भी पहुंच सकता है। सूत्रों के अनुसार जांच में यह भी सामने आया है कि फर्जी प्रमाण पत्र बनवाने के लिए लोग शहर के कुछ साइबर केंद्र व जनसेवा केंद्रों पर पहुंचते थे। इसके लिए एक से दो हजार रुपये लेते थे। बाद में वैभव के जरिए जन्म प्रमाण पत्र जारी कराते थे। मामला खुलने पर रुपये वापस लौटाकर प्रकरण को शांत भी करा देते थे।
रायबरेली में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने वाले गिरोह में जिले के सदर बाजार का रहने वाला वैभव उपाध्याय भी शामिल रहा है। उसके संपर्क में रहने वाले जनसेवा केंद्र व साइबर केंद्र संचालकों की जांच कराते हुए कार्रवाई की जाएगी।
- दुर्गेश सिंह, एएसपी पूर्वी