कुंडा। कोतवाली के काजीपुर गांव में जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्ष आमने-सामने हो गए। हालांकि बवाल के पहले मौके पर पुलिस पहुंच गई। रात भर पंचायत के बाद रुपये का लेन-देन कराकर मामले को रफा दफा किया गया।
गांव की मीना देवी ने पड़ोस की जगपत देवी पत्नी रामदेव को काफी दिनों पहले जमीन का बैनामा किया था। आरोप है कि बैनामा करने के बाद उसी जमीन पर उसने अपना मकान बना लिया। एक सप्ताह पहले जगपत देवी जमीन पर कब्जा करने आई तो विक्रेता ने उसे दूसरी जमीन दिखा दी। जो गांव के लोगों के कब्जे में थी। वहां काम लगाया तो भूस्वामी पहुंचकर विरोध करने लगा। मौके से मीना देवी हट र्गइं। बुधवार की रात मीना देवी को जगपत ने अपने परिजनों के साथ घर पर रोक लिया और उससे जमीन देने की जिद करने लगा। कहासुनी के दौरान दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया और देखते ही देखते दोनों पक्षों के लोग लाठी डंडा लेकर मारपीट पर अमादा हो गए। हालांकि दोनों पक्षों के बीच हाथापाई के दौरान ही इलाकाई पुलिस पहुंच गई। इससे बड़ा बवाल नहीं हो सका। पुलिस दोनों पक्षों को कोतवाली ले आई। यहां रात भर उनके बीच पंचायत होती रही। गुरुवार को मीना ने जगपत को रुपये वापस किया तब जाकर दोनों पक्षों के बीच समझौता हो सका। इस बाबत कोतवाल नरेंद्र बड़गोती का कहना है कि दोनों पक्षों के बीच सहमति बन गई। इस वजह से कोई कार्रवाई नहीं की गई।